पुलिस ने सेल टैक्स ऑफिसर बनकर वाहनों से अवैध वसूली करने के मामले में डीग जिले के कामां के एक पूर्व सरपंच को गिरफ्तार किया है।
भरतपुर। सेवर थाना पुलिस ने सेल टैक्स ऑफिसर बनकर वाहनों से अवैध वसूली करने के मामले में डीग जिले के कामां के एक पूर्व सरपंच को गिरफ्तार किया है। बताते हैं कि एक दिन पूर्व सरपंच महावीर का एक वीडियो वायरल हुआ था। इसमें वह खुद को एक पुलिस अधिकारी का परिचित बता रहा था। कुछ लोग अवैध वसूली को लेकर आरोप लगा रहे थे।
पुलिस ने पहले तो इस मामले को लेकर कोई कार्रवाई ही नहीं की। जब वीडियो वायरल होने के बाद मामला जनप्रतिनिधियों के पास पहुंचा तो पूर्व सरपंच ने अपना पक्ष रखते हुए एक वीडियो के जरिये गाड़ी में टक्कर देने वाले वाहन चालक से विवाद व अवैध वसूली के आरोप को उसकी साजिश बताया। गुरुवार देर शाम सेवर पुलिस ने आरोपी को कामां से हिरासत में लिया था।
सेवर एसएचओ सतीशचंद शर्मा ने बताया कि सेवर थाने में राहुल शर्मा पुत्र मुरारी लाल शर्मा निवासी आनन्द नगर कॉलोनी ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसमें कहा है कि बुधवार को महावीर यादव पुत्र रामहेत यादव निवासी गुरीरा थाना कामां आगरा-बीकानेर राष्ट्रीय राजमार्ग पर गांव मलाह के पास ट्रक से सेल टैक्स ऑफिसर बनकर अवैध वसूली कर रहा था। पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। प्रकरण को लेकर पुलिस अभी जांच कर रही है। उसके बाद ही पूरी घटना का पता चल सकेगा।
भले ही हाल में हुए प्रकरण की पुलिस अभी जांच कर रही है। उसके बाद ही सत्यता का पता चल सकेगा, लेकिन एक हकीकत यह भी है कि पिछले लंबे समय से लुधावई, मलाह के आसपास, खेड़ली मोड तक यह हाइवे अवैध वसूली का गढ़ बना हुआ है। कभी ओवरलोड वाहनों से अवैध वसूली में पुलिस तो कभी परिवहन विभाग के दस्ते का नाम आता रहता है। यह अब आम बात हो चुकी है।
इतना ही नहीं अब एक नया प्रकरण और सामने आया है कि पिछले कुछ महीनों से हाइवे के माध्यम से वाणिज्यक कर से वाहनों को बचाने के लिए एक गिरोह जुटा हुआ है, जो कि भरतपुर व डीग जिले में गिरोह के माध्यम से टैक्स चोरी कर वाहनों को पहुंचा रहा है। संबंधित दोनों ही जिलों के विभाग के अधिकारी भी इसमें चुप्पी साधे हुए हैं।