Bank Fraud: दुर्ग में बैंक खाता खोलकर ठगों को किराए पर देना युवक को भारी पड़ गया। उसी खाते में साइबर ठगी के 8.12 लाख रुपये आने के बाद पुलिस ने युवक के खिलाफ मामला दर्ज किया।
Bank Fraud: दुर्ग जिले के सुपेला थाना इलाके में एक युवक ने बैंक अकाउंट खोलकर उसे साइबर जालसाजों को किराए पर दे दिया। जालसाजों ने उसी अकाउंट में ₹8.12 लाख ट्रांसफर कर लिए। अब गृह मंत्रालय द्वारा संचालित कोऑर्डिनेशन पोर्टल से मिले एक्नॉलेजमेंट नंबर के जरिए म्यूल अकाउंट की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया है।
पुलिस के मुताबिक, सोनिया गांधी नगर, जोन-01, सेक्टर-11, भिलाई खुर्सीपार, दुर्ग, छत्तीसगढ़ के रहने वाले गोपी राम देवांगन (30) ने जेना स्मॉल फाइनेंस बैंक, सुपेला ब्रांच में अकाउंट खोला था। जांच में पता चला कि युवक को पता था कि अकाउंट का इस्तेमाल साइबर फ्रॉड के लिए किया जाएगा, फिर भी उसने जानबूझकर अपने बैंक अकाउंट को म्यूल अकाउंट के तौर पर इस्तेमाल होने दिया।
पुलिस जांच में यह भी पता चला कि 26 दिसंबर, 2024 को आरोपी के अकाउंट में ऑनलाइन फ्रॉड के ज़रिए ₹812,253 की रकम गैर-कानूनी तरीके से जमा की गई थी। यह रकम अलग-अलग साइबर फ्रॉड केस से मिली थी। आरोपी ने इसके ज़रिए धोखाधड़ी और बेईमानी से गैर-कानूनी पैसे निकालने की कोशिश की।
Bank Fraud: मामले की गंभीरता को देखते हुए, सुपेला पुलिस ने आरोपी गोपी राम देवांगन के खिलाफ इंडियन पीनल कोड (IPC) की धारा 317(2) और 318(4) के तहत केस दर्ज किया है और जांच कर रही है। पुलिस साइबर फ्रॉड में शामिल दूसरे संदिग्धों की पहचान करने के लिए बैंक ट्रांजैक्शन, डिजिटल सबूत और दूसरे ज़रूरी लिंक की जांच कर रही है।