भिलाई

आत्म समर्पित नक्सली नेता ने खोले कई राज, तो जांच एजेंसियों के अफसरों के भी होश उड़ गए

पहाड़ सिंह ने ऐसे कई राज खोले हैं जिससे पुलिस के आला अफसर भी चौक गए। खासतौर पर माओवादियों को फंडिंग और उनके संपर्क के बारे में पुलिस को कई अहम सुराग हाथ लगे हैं।

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Sep 03, 2018
आत्म समर्पित नक्सली नेता ने खोले कई राज, तो जांच एजेंसियों के अफसरों के भी होश उड़ गए

भिलाई. आठ राज्यों के अतिरिक्त पुलिस महारनिरीक्षक (एआइजी) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) रैंक के पुलिस अधिकारी आत्म समर्पण करने वाले माओवादी पहाड़ सिंह से एक जिले के सर्किट हाउस में पूछताछ कर रहे हैं। इसके अलावा दिल्ली से इंटेलिजेंस ब्यूरो (आइबी) और विशेष आसूचना ब्यूरो (एसआइबी) की पांच-पांच सदस्यीय टीम भी सप्ताह भर से यहां डेरा डाल रखी है। पहाड़ सिंह से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच किसी अज्ञात स्थान पर पूछताछ की जा रही है।

पुलिस को कई अहम सुराग हाथ लगे

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बताया गया कि पहाड़ सिंह ने ऐसे कई राज खोले हैं जिससे पुलिस के आला अफसर भी चौक गए। खासतौर पर माओवादियों को फंडिंग और उनके संपर्क के बारे में पुलिस को कई अहम सुराग हाथ लगे हैं जो भविष्य में माओवादियों से निपटने के ऑपरेशन में मददगार तो साबित होगा ही कई बड़े लोग भी बेनकाब हो जाएंगे। इधर 47 लाख रुपए के इनामी जेएसडी सदस्य एवं जीआरबी संगठन के सचिव पहाड़ सिंह के आत्म समर्पण से बौखलाए नक्सलियों ने कवर्धा में दो वारदात को अंजाम दिया है।

आइबी, एसआइबी और आठ राज्यों की पुलिस कर रही पूछताछ
मध्य प्रदेश महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, झारखंड और बिहार के पुलिस अधिकारी पहले से ही पूछताछ कर रही थी अब रविवार को सुबह ओडिशा और पश्चिम बंगाल के पुलिस अधिकारियों की टीम भी पहुंच गई। वे अपने-अपने राज्यों में हुई नक्सली वारदात के संबंध में पूछताछ कर रहे हैं। पुलिस ने बताया कि माओवादी पहाड़ सिंह से लगातार पूछताछ जारी है। जानकारी के मुताबिक पहाड़ सिंह अधिकारियों का अच्छा सहयोग कर रहा है।

झूठा हमदर्द बनकर आदिवासियों को गैंग में शामिल कर लेते हैं
पहाड़ सिंह ने बताया कि आदिवासियों की हक की लड़ाई के लिए उनका झुठे हमदर्द बनकर उन्हें अपने गैंग में शामिल कर लेते है। हकीकत समझ आने पर उन्हें वापस भी नहीं आने दिया जाता। यदि कोई उनके चंगुल से छुटकर भागना चाहे तो उसे सीधे मौत की सजा दी जाती है। उसने बताया कि बड़े स्तर पर माओवादी संगठन के लिए काम कर रहे और कई माओवादी आत्म समर्पण करना चाहते हैं। पुलिस पहाड़ सिंह को कवर्धा, चिखली और बालाघाट भी लेकर गई थी।

पहाड़ सिंह ने किया है खुलासा

0 नक्सलियों के टारगेट में कौन-कौन पुलिस अधिकारी, जन प्रतिनिधि, व्यापारी व अन्य लोग है?
0 नक्सलियों ने अब तक कितने आदिवासियों की हत्या की है?
0 नक्सलियों के किस-किस दल के किन-किन नेताओं, कारोबारियों और सामाजिक व गैर शासकीय संगठनों के लोगों से संपर्क है?
0 नक्सली गतिविधियों के लिए फंड की व्यवस्था कहां से होती है?

बड़ा राज उगलवाले में लगी है आइबी और एसआइबी
दिल्ली से इंटेलिजेंस ब्यूरो (आइबी) की पांच सदस्यीय टीम आई है। पहाड़ सिंह से पूछताछ के लिए एसएसपी के नेतृत्व में टीम बनाई गई है। इसमें तीन डीएसपी और एक सब इंस्पेक्टर शामिल हैं। यह टीम पहाड़ सिंह से नक्सलियों के अंतर्राष्ट्रीय नेटवर्क के बारे में पता लगाने में जुटी हुई है।

विभिन्न राज्यों की पुलिस पूछताछ कर रही

दुर्ग रेंज के आइजी जीपी सिंह ने कहा कि विभिन्न राज्यों की पुलिस पहाड़ सिंह से पूछताछ कर रही है। इस दौरान उसने कई महत्वपूर्ण जानकारी दी। पहाड़ सिंह के आत्म समर्पण से माओवादियों की कमर टूट चुकी है। अभी तो और कई नक्सली आत्म समर्पण करने के लिए तैयार हैं। इन सब परिस्थितियों से नक्सली बौखला गए हैं। नक्सलियों से अपील है कि वे शासन की मुख्य धारा से जुडं़े। बेहतर जीवन यापन करें। पुलिस उनका सहयोग करेगी।

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Published on:
03 Sept 2018 12:18 am
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