शक की आग में वह इतना वहशी हो गया था कि रात में एकसाथ भोजन करने के बाद अल सुबह पत्नी को हमेशा के लिए मौत की नींद सुला दिया।
भिलाई. शक की बीमारी में वह इस कदर अंधा हो गया था कि अग्नि के समक्ष सात फेरे लेकर जीवनभर साथ निभाने का वचन ही भूल गया। शक की आग में वह इतना वहशी हो गया था कि रात में एकसाथ भोजन करने के बाद अल सुबह पत्नी को हमेशा के लिए मौत की नींद सुला दिया। यह दिल दहला देने वाली घटना गुरुवार को अटल आवास कॉलोनी जामुल की है। हत्या के बाद आरोपी पति ने थाने पहुंचकर आत्मसमर्पण भी कर दिया। पुलिस ने आरोपी पति के खिलाफ धारा ३०२ के तहत जुर्म दर्ज कर शव को पीएम के बाद परिजन को सौंप दिया है।
दीनाराम को चरित्र पर शक था
घटना गुरुवार सुबह ४ बजे बोगदा पुलिया जामुल की है। जामुल थाना टीआई दिलीप सिंह सिसोदिया ने बताया कि दीनाराम साहू (३७) और पत्न कल्याणी साहू के बीच दिवाली के बाद से विवाद चल रहा था। दीनाराम को चरित्र पर शक था। उसके अवैध संबंध थे। उसे लेकर कई बार पत्नी से मना किया, लेकिन वह नहीं सुनती थी।
दोनों बेटे नानी के घर रहते
दीनाराम और कल्याणी की शादी १६ साल पहले हुई थी। बड़ा बेटा दानेश (१५) और डिलेश (१३) है। दोनों अपनी नानी के यहां लेबर कैंप में रहते हैं। बड़ा बेटा ९वीं और छोटा ८वीं में पढ़ाई करता है। घटना के दिन दीनाराम और कल्याणी ही घर पर थे।
ऐसे दिया वारदात को अंजाम
पुलिस के मुताबिक दीनाराम साहू सात माह बाद गांव से लौटा था। दोनों में रात को विवाद भी हुआ, फिर वे सो गए। सुबह ४ बजे दीनाराम उठा और पहले पत्नी का गला लोवर पेंट से घोंटा, फिर देखा कि सांस अभी भी चल रही है, तो मसाला पीसने वाले सिलबट्टा से सिर पर तकिया रखकर दौंच दिया।
सिर पर वार से कट गई जीभ
फारेंसिक एक्सपर्ट अनुपमा मेश्राम ने बताया कि लोवर से उसका गला घोंटा है। उसकी जीभ बाहर निकल आई। टूटी हुई चूडिय़ा घटना स्थल पर मिली। जिससे लगा रहा कि मृतिका ने काफी संघर्ष किया है। आरोपी ने पत्नी के सिर पर तकिया रख कर फिर वार किया। इस वजह से उसकी जीभ कट गई है। जमीन और दीवार पर खून के छींटे आए है।
आरोपी ने सरेंडर कर दिया
एएसपी शहर विजय पांडेय ने बताया कि आरोपी पत्नी के चरित्र पर शक करता था। उसने पहले लोवर से गला घोटा। फिर थाने आकर खुद को सरेंडर कर दिया। आरोपी पति के खिलाफ धारा ३०२ के तहत जुर्म दर्ज किया गया है।