
शाहपुरा
अंतरराष्ट्रीय रामस्नेही सम्प्रदाय के पीठाधीश आचार्य रामदयाल की पधरावनी एवं सम्प्रदाय के पीठाधीश्वर महाप्रभु स्वामी रामचरणजी महाराज की शोभायात्रा शाही लवाजमे के साथ शनिवार को कलिंजरीगेट से निकाली गई। चेतना भक्ति संस्कार रजत चातुर्मास समिति व शाहपुरा श्याम सेवा समिति, शाहपुरा के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित शोभायात्रा एवं पधरावनी कलिंजरीगेट ठाकुर बाबा की बगीची से सुबह छड़़ी, छत्र, चंवर, हाथी-घोड़े, ढोल-नंगाड़ों व बाजे गाजों के साथ शुरू हुई। इससे पूर्व चातुर्मास के लिए लिए नगर में मंगल प्रवेश हुआ। इस दौरान जिले सहित देशभर से पहुंचे रामस्नेही श्रद्धालु मौजूद रहे।
पूरे शोभायात्रा मार्ग को गुलाबी झण्डों से दुल्हन की तरह सजाया गया। वहीं शोभायात्रा मार्ग में नगरवासियों द्वारा पुष्पों से जगह—जगह स्वागत किया गया। चातुर्मास के शुभारंभ पर देशभर के रामस्नेही संप्रदाय के श्रद्धालु शामिल हुए। श्रद्धालुओं का शुक्रवार से ही पहुंचना शुरू हो गया था। शाही लवाजमा कलिंजरी गेट स्थित ठाकुर बाबा की बगीची से शुरू होकर सिंचाई विभाग रोड, हलवाई गली, बालाजी की छतरी, सदर बाजार, नया बजार, राम मेडिय़ा, त्रिमूर्ति चौराहा, बस स्टैंड होते हुए रामनिवास धाम जाकर संपन्न हुआ।
तीन महीने बहेगी भक्ति की बयार
चातुर्मास महोत्सव में तीन माह तक भक्ति की बयार बहेगी। 21 जुलाई से 20 अक्टूबर तक विभिन्न कार्यक्रम होंगे। 21 जुलाई को शोभायात्रा एवं पधरावणी, 27 जुलाई कों गुरु पुर्णिमा महोत्सव, 13 से 19 सितम्बर तक अणभैवाणी ज्ञान सप्ताह, 16 सितम्बर को महाप्रभु स्वामी रामचरण का दीक्षा दिवस एवं सामूहिक मंत्र दीक्षा महोत्सव, 13 अक्टूबर को पंचमी पर्व तथा 20 अक्टूबर को समापन पर्व होगा। चातुर्मास में रोजाना सुबह 5 से 6 बजे रामधुनी, 9 से 10 बजे तक अणभैवाणी पाठ,10 से 11 बजे प्रवचन और शाम को संध्या आरती होगी।
दिखा सांप्रदायिक सौहार्द व गंगा जमुनी तहजीब
शाही लवाजमे के साथ निकली शोभायात्रा का सभी समाजों व हर कौम के लोगों ने स्वागत किया। जिससे इस शोभायात्रा गंगा जमुनी तहजीब देखने को मिली। शोभायात्रा के दौरान आचार्यश्री की एक झलक पाने को श्रद्धालु बेताब हो उठे। आचार्यश्री ने भी सभी का हाथ उठाकर अभिवादन स्वीकार किया।