भीषण गर्मी से जिले की बिजली की खपत प्रति दिन एक करोड़ यूनिट को पार कर गई है
भीलवाड़ा।
भीषण गर्मी से जिले की बिजली की खपत प्रति दिन एक करोड़ यूनिट को पार कर गई है, वही घरेलू कनेक्शन के ओवरलोड होने से चार ट्रांसफार्मर दो माह में फूंक गए। जिले में भीषण गर्मी के दौर से आम जन के साथ अजमेर डिस्कॉम को भी राहत नहीं मिली है, गत वर्ष जिले में प्रतिदिन 90 लाख यूनिट का रिकार्ड 5 जून तक रहा है, लेकिन इस बार ये रिकार्ड टूट गया है, रोजाना जिले में रोजाना एक करोड़ 11 लाख यूनिट से अधिक की बिजली की खपत हो रही है। शहरी क्षेत्र में सर्वाधिक ओवरलोड की स्थिति बनी हुई है। एेसे में आए दिन लाइनों में फाल्ट आ रहा है। एेसे में हो रही बिजली की अघोषित कटौती से उपभोक्ताओं को निजात नहीं मिल रही है।
अजमेर डिस्कॉम के अधीक्षण अभियंता केएस सिसोदिया ने बताया कि घरेलू कनेक्शन सिंगल फेज के है। इसकी रोजाना की क्षमता पांच किलो वॉल्टेज है, लेकिन अधिकांश घरेलू कनेक्शन पर बिजली की खपत क्षमता से दुगनी हो रही है। इसका असर ट्रांसफार्मर व विद्युत आपूर्ति पर आ रहा है। दो माह में चार ट्रांसफार्मर आेवरलोड हो कर फूंक चुके है, पांच किलो वॉल्टेज से अधिक के बिजली उपभोगकर्ताओं को चाहिए कि वे अपने विद्युत कनेक्शन को थ्री फेज में तब्दील करवाएं, अभी शहर में नई केबल लगाने व पुराने मीटर बदलने का कार्य जारी है, एेसे में थ्रीफेज कनेक्शन पर अतिरिक्त भार नहीं पड़ेगा।
पांच माह में लगाए 90 नए ट्रांसफार्मर
शहर में करीब 90 हजार घरेलू कनेक्शन है, जो कि पांच किलो वॉल्टेज क्षमता के है, लेकिन इनमें 60 फीसदी विद्युत कनेक्शन पर लोड दस किलो वॉल्टेज से अधिक आ रहा है। एेसे में केबलों के साथ ही ट्रांसफार्मरों को झटका लग रहा है। रमेश चन्द्र व्यासनगर, आर के कॉलोनी, पथिकनगर, सुभाषनगर, संजय कॉलोनी, शास्त्रीनगर, आजादनगर, बापूनगर,पंचवटी, तिलकनगर तथा पुराना भीलवाड़ा क्षेत्र में विद्युत लोड का स्तर सामान करने के लिए डिस्कॉम ने पांच माह के दौरान कुल 90 नए ट्रांसफार्मर लगाए है, इनमें सर्वाधिक 30 ट्रांसफार्मर अप्रेल व मई में लगे है। शहर में अभी विद्युत ट्रांसफार्मरों की संख्या अभी डेढ़ हजार है।