भीलवाड़ा

गृहप्रवेश से पहले यूआईटी के आवासों में दरारों का क्लेश

तिलकनगर स्थित जिले की सबसे बड़ी आवासीय कॉलोनी नेहरू विहार के बसने से पहले ही कुछ आवंटित मकानों में दरार आ गई

2 min read
Problems of cracks in UIT's residences in bhilwara

भीलवाड़ा।

नगर विकास न्यास की तिलकनगर स्थित जिले की सबसे बड़ी आवासीय कॉलोनी नेहरू विहार के बसने से पहले ही कुछ आवंटित मकानों में दरार आ गई। दीवारें दरकने लगी और फर्श तड़कने लगा।आवंटियों की शिकायत है कि घटिया निर्माण सामग्री के चलते एेसा हुआ। उनके घर बसने से पहले ही यहां उजडऩे लगे हैं।

ये भी पढ़ें

अवैध खेती के लिए मेजा बांध में काटे खेत, उगा दी सब्जियां

कोटा रोड पर तिलकनगर स्थित नेहरू विहार योजना आबाद होने से पहले ही विवादों में रही है। तत्कालीन नगर विकास न्यास अध्यक्ष रामपाल शर्मा ने कांग्रेस के शासन में वर्ष 2013 में आवासीय योजना का खांका खींचा था, लेकिन आवास निर्माण को लेकर एक ही योजना क्षेत्र के निर्माण को लेकर एक की बजाय 34 टेंडर जारी होने से ये यहां निर्माण कार्य प्रदेश में सत्ता बदलाव के साथ ही राज्य सरकार के पाले में आ गया।

पूर्व की सभी प्रक्रियाओं निरस्त किए जाने के बाद नए सिरे से यहां निर्माण कार्य को लेकर एक एजेंसी को टेंडर दिया गया। तीन हजार के आवासों की इस कॉलोनी में गत तीन वर्ष से मंथर कार्य चल रहा था। आठ माह में यहां निर्माण कार्य ने गति पकड़ी है। यहां अभी बिजली के खंभे लगाने, पेयजल पाइप लाइन बिछाने का कार्य जारी है, लेकिन दो किलोमीटर के दायरे में फैली कॉलोनी में अभी सड़कें नहीं है। मूलभूत सुविधा नहीं होने के कारण चार वर्ष बीत जाने के बावजूद यहां आबादी नहीं बस सकी।

घर में घुसते ही जान को खतरा

कॉलोनी में निर्माण कार्यों में घपलों की पोल अब खुलने लगी है। आवंटी माणक खोईवाल, देवकिशन पोरवाल, अतुल शर्मा, संपत बडोदिया, गोवर्धन जाट, कालूलाल तेली, भाग चंद मूंदड़ा, गोपाल गुर्जर, अरविन्द पटेल, हर्षद पटेल व जयसुख की पीड़ा है कि उनके आवंटित आवासों में कई खामियां है। इनकी शिकायत है कि मकानों में दरार आ रही है। नींव व फर्श उखडऩे लगी है। खिड़की-किवाड़ों का काम घटिया है। पानी के टैंक भी समुचित तरीके से नहीं बने हुए। अभी कॉलोनी में पानी, सड़क, बिजली तक की सुविधा नहीं है।


ये तो एक बानगी है
यहां आवास संख्या 17-257 न्यास के निर्माण कार्य की एक बानगी है। यहां आवास में दोनों ही कक्षों की दीवारों में दरार आ गई है, छत की बीम दरक रही है। इसी प्रकार बरामदों का हिस्सा क्षतिग्रस्त है। आवंटी का कहना है कि यहां प्रवेश करना भी जान को जोखिम में डालने जैसा है।

नहीं मिली अभी तक शिकायत
नेहरू विहार योजना जिले की सबसे बड़ी आवासीय योजना है और यहां विभिन्न श्रेणियों में तीन हजार आवास बनाए गए है, यहां निर्माण कार्य बेहतर हुआ है, पेयजल पाइप लाइन बिछाने का कार्य जारी है, बिजली के पोल खींचे जा रहे तथा सड़कों का निर्माण कार्य उक्त कार्य पूर्ण होने के बाद शुरू कर दिए जाएंगे। उन्हें अभी तक किसी ने भी आवासों में दरारें आने व उखडने की शिकायतें नहीं की है।
आशीष शर्मा, सचिव नगर विकास न्यास, भीलवाड़ा

ये भी पढ़ें

लाशों के ढेर के बीच खरबूजे लूटते लोग

Published on:
05 May 2018 02:31 pm
Also Read
View All

अगली खबर