50 हजार रुपए तक के कर्ज की एक बारीय माफी के लिए 26 मई से सहकारी समिति स्तर पर शिविर लगाए जाएंगे
भीलवाड़ा।
राजस्थान फसली ऋण माफी योजना-2018 के तहत सहकारी बैंकों के लघु एवं सीमान्त कृषकों के 30 सितम्बर 2017 तक अवधिपार ऋण एवं बकाया अल्पकालीन फसली ऋणों में से 50 हजार रुपए तक के कर्ज की एक बारीय माफी के लिए 26 मई से सहकारी समिति स्तर पर शिविर लगाए जाएंगे।
अन्य किसानों के, लघु काश्तकारों के लिए निर्धारित जोत सीमा के अनुपात में 30 सितम्बर 2017 तक बकाया 50 हजार रुपए तक के अल्पकालीन फसली ऋण भी माफ किए जाएंगे।दी सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक के प्रबंध निदेशक अनिल काबरा ने बताया कि पायलट प्रोजेक्ट के तहत 26 मई को सुवाणा ग्राम सभा सहकारी समिति लिमिटेड तथा 28 मई को भूणास ग्राम सेवा सहकारी समिति पर ऋण माफी शिविर लगाएंगे।
सुवाणा के लिए प्रारंभिक शिविर 23 मई को तथा भूणास के लिए 24 मई को होगा। इन प्रारंभिक शिविरों में समिति से संबंध पात्र काश्तकारों की ऋण माफी योग्य राशि की सूची चस्पा की जाएगी। काश्तकार समिति कार्यालय में जाकर चस्पा सूची में अपना नाम एवं माफी योग्य राशि की जानकारी कर सकेंगे। कृषक किसी भी प्रकार की आपत्ति होने पर शिविर प्रभारी अथवा आपत्ति निराकरण के लिए जिला स्तरीय परिवेदना निवारण समिति के समक्ष अपनी आपत्ति प्रस्तुत कर सकेंगे।
उन्होंने बताया कि जिन काश्तकारों के आधार कार्ड उपलब्ध नहीं है अथवा आधार कार्ड भामाशाह कार्ड से लिंक नहीं है उन्हें वर्तमान सूची में सम्मिलित नहीं किया गया है। ऐसे काश्तकार अपने आधार कार्ड समिति व्यवस्थापक को शिविर के दौरान उपलब्ध कराएं तथा जिन काश्तकारों के आधार कार्ड भामाशाह कार्ड से लिंक नहीं है। वे अपने आधार कार्ड भामाशाह से लिंक कराकर योजना का लाभ उठा सकते हैं।
इन्हें मिलेगा फायदा
एक हैक्टेयर तक भूमि तक वाले कृषक सीमान्त कृषक, एक से दो हेक्टेयर तक भूमि वाले लघु कृषक तथा दो हेक्टेयर से अधिक भूमि वाले अन्य कृषक की श्रेणी में शामिल होंगे। लघु एवं सीमान्त कृषकों के लिए अनावधिपार ऋणों में अधिकतम 50 हजार रुपए तक के ऋण माफ किए जाएंगे, जबकि अवधिपार ऋणों में अधिकतम 50 हजार रुपए तक की राशि ब्याज एवं शास्ती सहित माफी योग्य होगी। अन्य कृषकों के लिए माफी की राशि का आंकलन लघु काश्तकारों के लिए निर्धारित ज्योत सीमा के अनुपात में होगा। यह राशि अधिकतम 50 हजार रुपए तक होगी।