- भीलवाड़ा बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले आमजन में दिखा गुस्सा - न्यास की लॉटरी में नियमों की अनदेखी, कई आवेदकों को दूसरी कॉलोनी में मिला भूखंड
भीलवाड़ा नगर विकास न्यास की ओर से निकाली गई आवासीय योजना की लॉटरी में हुई गड़बड़ी को लेकर शनिवार को आमजन में गुस्सा देखा गया। भीलवाड़ा बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले आवेदकों ने भूखंड आवंटन पर हंगामा कर कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। लोगों का कहना था मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। इससे आमजन को पूरा लाभ मिल सके। इसे लेकर कलक्टर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नाम ज्ञापन सौपा।छात्र नेता विजयपाल सिंह की अगुवाई में बड़ी संख्या में लोग कलक्ट्रेट के बाहर एकत्र हुए। यहां आवंटन में गड़बड़ी को लेकर जमकर हंगामा किया। न्यास अफसरों के खिलाफ नारेबाजी की। लोगों का आरोप था कि आवेदन खरीद के नाम पर आमजन से दो-दो हजार लिए। अलग-अलग वर्गाें में धरोहर राशि लेकर करोड़ों रुपए कमा लिए। लॉटरी निकालने का समय आया था तो चेहतों को फायदा पहुंचाया। इस लॉटरी के माध्यम से जिन लोगों को भूखंड की आवश्यकता थी। उन्हें नहीं देकर जिन लोगों के पास पहले से करोड़ों की सम्पति है उनको भूखंड आवंटित कर दिया। अधिकतम लॉटरी इनके नाम ही खोली गई। जिनके पास भूखंड नहीं उनकी भावना का ध्यान नहीं रखा।
नियमों में बदलाव से बढ़ा संशय
लॉटरी से पहले न्यास ने कई शर्तों में बदलाव किए। खास बात यह कि जिन आवेदकों ने पटेल नगर या पंचवटी योजना में आवेदन किया उन्हें दूसरी कॉलोनी में भूखंड आवंटित कर दिया। आवंटन निरस्त होने की स्थिति में प्रतीक्षा सूची तक जारी नहीं की। अमूमन किसी भी योजना की लॉटरी से पहले आवेदकों की प्रारंभिक सूची चस्पा की जाती है और आपत्तियां आमंत्रित की जाती हैं, लेकिन इस बार ऐसा नहीं हुआ। यदि सूची पहले जारी की जाती, तो कई विसंगतियां सामने आ सकती थीं और यह स्थिति नहीं बनती।