MP farmers इस संबंध में प्रदेश के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविन्द सिंह राजपूत ने बड़ा बयान किया।
मध्यप्रदेश में इन दिनों मंडियों में गेहूं के ढेर लगे हुए हैं, समर्थन मूल्य पर खरीदी की जा रही है। प्रदेश में गेहूं की खरीदी 2600 रूपए प्रति क्विंटल की दर से की जा रही है। न्यूनतम समर्थन मूल्य 2425 रुपए के साथ राज्य सरकार द्वारा 175 रूपए प्रति क्विंटल बोनस भी दिया जा रहा है। सबसे अच्छी बात यह है कि इस बार किसानों के गेहूं खरीदी के भुगतान में भी देरी नहीं की जा रही है। इस संबंध में प्रदेश के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविन्द सिंह राजपूत ने बड़ा बयान किया। उन्होंने कहा है कि प्रदेश के किसानों के खातों में 757 करोड़ से ज्यादा की राशि डाली जा चुकी है।
मंत्री गोविंदसिंह राजपूत के मुताबिक न्यूनतम समर्थन मूल्य पर प्रदेश में अभी तक 5 लाख 80 हजार 711 मीट्रिक टन गेहूं का उपार्जन किया जा चुका है। अभी तक प्रदेश में कुल 74697 किसानों से गेहूं खरीदी की गई है।
मंत्री ने दावा किया कि किसानों को उपार्जित गेहूं का भुगतान भी लगातार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अभी तक गेहूं खरीदी के 757 करोड़ 36 लाख रूपए किसानों को खातों में डाले जा चुके हैं।
बता दें कि न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं पंजीयन की अंतिम तारीख 31 मार्च है। इस साल अभी तक गेहूं बेचने के लिए 13 लाख 98 हजार किसान अपना पंजीयन करवा चुके हैं।
अभी तक उज्जैन में एक लाख 19 हजार 535, सीहोर में 83735, देवास में 60456, शाजापुर में 60282, इंदौर में 42765, भोपाल में 38640, राजगढ़ में 36457, मंदसौर 25292, आगर मालवा में 23604, धार में 20564, विदिशा में 19593, हरदा में 13451, खण्डवा में 11082, रतलाम में 10857, नीमच में 3351, नर्मदापुरम में 3307, झाबुआ में 2965, रायसेन में 2708, बैतूल में 1000, दमोह में 460, खरगौन में 329, गुना में 252, सागर में 22 और अलीराजपुर में 4 मीट्रिक टन गेहूं का उपार्जन किया जा चुका है।