
मध्यप्रदेश के रीवा के संजय गांधी अस्पताल में सुंदर महिलाओं के शरीर से छेड़छाड़ का आरोप लगाने वाले सेमरिया विधायक अभय मिश्रा ने बुधवार को पत्रिका से बातचीत में बड़ा खुलासा किया है। अभय मिश्रा ने पत्रिका से बातचीत में बताया कि उन्हें इस गंभीर मामले की जानकारी कैसे लगी? इसके साथ ही अभय मिश्रा ने इस दौरान डिप्टी सीएम राजेन्द्र शुक्ल पर जमकर निशाना भी साधा। बता दें कि संजय गांधी अस्पताल लगातार विवादों में घिरा हुआ है और अभय मिश्रा के बयान के बाद सियासी बवाल भी मचा हुआ है।
बुधवार को भोपाल में विधायक अभय मिश्रा से पत्रिका के रिपोर्टर रूपेश मिश्रा ने बातचीत की। इस दौरान जब रूपेश मिश्रा ने पोस्टमार्टम के दौरान महिलाओं के शरीर से छेड़छाड़ वाले बयान पर सवाल पूछा तो अभय मिश्रा ने कहा- 'हम राजनीतिक आदमी हैं और हमारी जानकारी का आधार समाज और उसकी बातचीत होती है, दो साल पहले एक सज्जन आए कि मेरी बहू का पोस्टमार्टम होना है, मैंने कहा मैं फोन कर देता हूं हो जाए, इसके बाद उन सज्जन ने कहा कि मेरी बहू सुंदर थी और संजय गांधी में पोस्टमार्टम के दौरान सुंदर महिलाओं के शरीर के साथ छेड़छाड़ की जाती है।'
इतना ही नहीं बातचीत के दौरान विधायक अभय मिश्रा ने पत्रिका रिपोर्टर को अपने मोबाइल पर संजय गांधी अस्पताल के एक डॉक्टर का मैसेज भी पढ़ाया। अभय मिश्रा ने कहा कि डॉक्टर का नाम गुप्त रखना है, इस मैसेज में लिखा था- 'एसके पाठक जब सीएमओ थे, तो राकेश स्वीपर था, जिस पर आरोप लगे थे वो पकड़ा गया उसे वहां से हटाया गया। उसके बाद मुन्ना करके स्वीपर था, उसे पकड़ा गया फिर उसे हटाया गया। दुर्गा स्वीपर था, उस पर भी पैसा मांगने का आरोप लगा शिकायत हुई। उसके साथी जो थे उन पर आरोप लगा कि डेडबॉडी जो आती है लड़कियों की उनके शरीर के साथ गलत व्यवहार किया जाता है, उसको हटाया गया। जांच कर ली जाए।'
इससे पहले विधायक अभय मिश्रा को राजधानी भोपाल में स्थित मंत्रालय के बाहर से पुलिस ने हिरासत में ले लिया था। बता दें कि, विधायक मिश्रा कुछ देर पहले ही मंत्रालय के सामने जाकर धरने पर बैठे थे, कुछ ही देर बाद पुलिस वहां पहुंची और अभय मिश्रा को हिरासत में ले लिया था। बता दें कि, विधायक अभय मिश्रा रीवा के संजय गांधी मेडिकल कॉलेज से संबद्ध गांधी स्मारक अस्पताल में प्रसूता कल्पना मिश्रा और उसके नवजात बच्चे की मौत के मामले में सीबीआई जांच की मांग के साथ उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ल के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। अब इस मामले में और राजनीतिक तूल पकड़ लिया है।