
Bhopal News :मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के ऐशबाग थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सुदामा नगर में सेवानिवृत रेलवे कर्मचारी हेमंत बारिक और पत्नी शकुंतला बारिक की हत्या के 50 घंटे बाद भी पुलिस के हाथ कोई ठोस सुराग नहीं लग सका है। ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा करने क्राइम ब्रांच समेत पुलिस की 10 टीमें छानबीन में लगी है।
फिलहाल, अबतक की जांच में सामने आया है कि, हमलावर ने दंपती पर चार गोलियां चलाईं थीं और वारदात के बाद दोनों के मोबाइल फोन अपने साथ लेकर फरार हो गए थे। वहीं, कमरे की छानबीन करने पर पुलिस को दस डैमेज स्मार्ट फोन और मिले हैं। इससे पुलिस ने यह अंदाजा लगाया है, हेमंत हर तीन माह में एक फोन और नंबर बदल देते थे।
पुलिस जांच में आया कि, आरोपी ने पहले 5 से 7 फीट की दूरी से हेमंत पर गोली चलाई थी, जो उनकी गर्दन को छूती हुई निकली थी। ये गोली घर के अंदर बरामद हुई। इसके बाद हमलावर ने पास से हेमंत के चेहरे पर दूसरी गोली मारी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद आरोपी ने शकुंतला पर भी दो गोलियां चलाईं। शकुंतला को पहली गोली सिर में और दूसरी कमर के पास लगी थी, जिससे उनकी भी मौके पर ही मौत हो गई थी।
पुलिस का मानना है कि दंपती के गायब मोबाइल फोन इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझा सकते हैं। घर में रखी नकदी और जेवर सुरक्षित मिले, लेकिन दोनों के मोबाइल फोन गायब हैं। जांच के दौरान घर से करीब 10 पुराने और खराब मोबाइल भी मिले हैं। परिजनों ने बताया कि हेमंत असर मोबाइल बदलते रहते थे। इन सभी मोबाइल की जांच की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, हेमंत स्मार्टफोन और शकुंतला की-पैड मोबाइल इस्तेमाल किया करती थीं। आशंका है कि, आरोपी मोबाइल फोन ले जाने के इरादे से ही उन्हें साथ ले गया। दोनों फोन घटना के बाद घर के अंदर ही बंद किए गए थे और उनकी आखिरी लोकेशन भी घर ही पाई गई है।
जांच में लगी एक टीम हेमंत के मिले दसों मोबाइल फोन के आधार पर नंबर को ट्रेस करने लगी है। जांच अब संपति विवाद, पुरानी रंजिश, अवैध संबंध समेत सभी पहलुओं पर टिक गई है, लेकिन अभी तक किसी संदिग्ध की पहचान नहीं हो सकी है। घर और आसपास सीसीटीवी कैमरे नहीं होने से जांच में परेशानी आ रही है। गली में लगे कुछ दूर कैमरे से तस्वीर साफ नहीं दिखाई दे रही है। ऐशबाग थाना प्रभारी संदीप पवार ने बताया, दंपती के कॉल डिटेल रिकॉर्ड की जांच में कोई संदिग्ध नंबर सामने नहीं आया है। दोनों ज्यादातर अपने रिश्तेदारों से ही बात किया करते थे।
पुलिस ने हेमंत के रिश्तेदारों, बहन, भांजे-भांजियों, पड़ोसियों और किरायेदारों से पूछताछ की है, लेकिन कोई अहम सुराग नहीं मिला। लोगों ने पुलिस को बताया, घटना वाली रात लगातार बारिश होने से गोलियों की आवाज किसी को सुनाई नहीं दी।
जांच के दौरान पुलिस को घर से बड़ी मात्रा में दवाइयां मिली हैं। परिजनों ने बताया कि हेमंत और शकुंतला लंबे समय से कई बीमारियों से परेशान थे। पड़ोसियों ने पुलिस को बताया, हेमंत शराब का अधिक सेवन करते थे और उनका व्यवहार रुखा रहता था।