Bhopal SCR will be formed by combining nine cities मध्यप्रदेश में दिल्ली एनसीआर जैसे भोपाल एससीआर- स्टेट केपिटल रीजन का खाका खींचा जा रहा है।
Bhopal SCR will be formed by combining nine cities Bhopal Metropolitan City मध्यप्रदेश में दिल्ली एनसीआर जैसे भोपाल एससीआर- स्टेट केपिटल रीजन का खाका खींचा जा रहा है। एससीआर के आकार लेते ही मध्यप्रदेश की राजधानी की तस्वीर ही बदल आएगी। राजधानी भोपाल को दिल्ली जैसे महानगर में बदलने के लिए एससीआर की कवायद तेज हो गई है। भोपाल एससीआर में आसपास के नौ छोटे बड़े कस्बे और शहर शामिल हो सकते हैं। इसी के साथ सीएम मोहन यादव ने राजधानी भोपाल को मेट्रोपोलिटन सिटी बनाने के लिए 25 वर्षों का प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भोपाल को मेट्रोपोलिटन सिटी बनाने के प्लान को ध्यान में रखते हुए इन्फ्रास्ट्रक्चर के काम पूरे करने पर जोर दिया। भोपाल के विकास की समीक्षा बैठक में उन्होंने सड़कों के स्वीकृत काम हर हाल में तय समय-सीमा में पूरा करने को कहा।
भोपाल मेट्रोपोलिटन विकास प्राधिकरण के प्रस्तावित कामों पर विस्तार से चर्चा हुई। सीएम मोहन यादव ने भोपाल स्टेट केपिटल रीजन यानि एससीआर के तहत विकास के लिए बेहतर प्लान बनाने को कहा।
खास बात यह है कि भोपाल एससीआर में भोपाल से सटे मंडीदीप, पीलूखेड़ी, बैरसिया, सूखी सेवनिया, सलामतपुर, सांची और सीहोर जिला मुख्यालय के साथ ही सुदूर के शहर रायसेन जिला मुख्यालय और राजगढ़ जिला मुख्यालय भी शामिल है। सब कुछ ठीकठाक रहा तो जल्द ही ये सभी नौ कस्बे—शहर मिलकर भोपाल मेट्रोपोलिटन के रूप में आकार लेंगे।
सीएम ने भोपाल को मेट्रोपोलिटन सिटी बनाने के लिए एससीआर का खाका तैयार करने के साथ ही बड़े तालाब पर एलिवेटेड कॉरिडोर का प्लान बनाने को भी कहा है। मुख्यमंत्री यादव ने अधिकारियों से यह प्लान जल्द तैयार करने को कहा।