भोपाल

मंत्री नहीं बनने से एमपी के 48 बीजेपी नेता नाराज, अरमानों पर पानी फेर रही सरकार

MP BJP Leaders : निगम-मंडल, प्राधिकरण व बोर्ड अध्यक्षों को पहले पद, अब पावर का इंतजार, पहले नियुक्ति में देरी, अब मंत्री का दर्जा नहीं! मप्र में ऐसा पहली बार
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Sep 13, 2026
मंत्री नहीं बनने से एमपी के 48 बीजेपी नेता नाराज
एमपी बीजेपी के 48 नेता नाराज ( Photo Credit- Patrika enhanced AI Grok)

MP BJP : मध्यप्रदेश भाजपा कई मामलों में पूरी तरह बदल गई है। नेताओं को पहले संघर्ष करना पड़ता है, बाद में पद और प्रतिष्ठा मिलती है। फिलहाल निगम, मंडल, प्राधिकरण, बोर्ड व आयोगों के अध्यक्ष, उपाध्यक्षों के साथ यही हो रहा है। पहले इन्हें ढाई से तीन साल नियुक्ति पाने के लिए संघर्ष करना पड़ा, अब अध्यक्ष कैबिनेट मंत्री और उपाध्यक्ष राज्यमंत्री का दर्जा पाने के लिए तरस रहे हैं। मप्र में ऐसा पहली बार हो रहा है जब अध्यक्ष, उपाध्यक्ष तो बनाए, लेकिन मंत्री का दर्जा नहीं दिया जा रहा। अंदर खबर है कि कुछ अध्यक्ष, उपाध्यक्ष तो दर्जा नहीं मिलने के कारण नाराज हो गए है। नतीजा, मन लगाकर काम नहीं कर रहे। बीजेपी के करीब 48 ऐसे नेता हैं जोकि मंत्री नहीं बन पाने से मन मसोसकर बैठे हैं।

जयभान सिंह पवैया का कार्यकाल तो कुछ ही महीने बात खत्म हो रहा

अध्यक्ष व उपाध्यक्षों की नियुक्तियां सत्ता व संगठन ने आपसी चर्चा और सहमति के बाद मार्च से जुलाई के बीच में की हैं। इनमें से राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष जयभान सिंह पवैया का कार्यकाल तो कुछ ही महीने बात खत्म हो रहा है।

34 नेताओं को अध्यक्ष बनाया, 14 नेताओं को उपाध्यक्ष

बता दें, सरकार ने पिछले माहों में विभिन्न निगम, मंडलों, विकास प्राधिकरणों, बोर्डों व आयोगों में अध्यक्ष व उपाध्यक्ष नियुक्त किए हैं। 34 नेताओं को अध्यक्ष बनाया है जबकि 14 नेताओं को उपाध्यक्ष का पद नवाजा है।

इनको अहम मंडल-बोर्ड का बनाया अध्यक्ष

जयभान सिंह पवैया, रामकृष्ण कुसमारिया, रामलाल रौतेल, डॉ. कैलाश जाटव, डॉ. निवेदिता शर्मा, रेखा यादव, डॉ. राघवेंद्र शर्मा, प्रवीण शर्मा, केशव सिंह बघेल, रामनिवास रावत, सत्येंद्र भूषण सिंह, संजय नगायच, केपी यादव, केशव सिंह भदौरिया, प्रभुदयाल कुशवाह, पंकज जोशी, अशोक जादौन, वीरेंद्र गोयल, संदीप जैन, महेंद्र सिंह यादव, मधुसुदन भदौरिया, रवि सोलंकी, राजेंद्र भारती, विनोद गोटिया, अशोक शर्मा, मनोहर पोरवाल, विजय यादव, रमेशचंद्र शर्मा, कौशल शर्मा, गुड्डी आदिवासी को अध्यक्ष बनाया है।

इन्हें उपाध्यक्ष का दिया जिम्मा

सरकार के मंडल-बोर्ड में मनोहर लाल नागर, संजीव कांकर, राकेश जादौन, उदयवीर सिंह गुर्जर, प्रशांत केशरवानी, सुधीर गुप्ता, वेद प्रकाश शिवहरे, मुकेश यादव, रवि वर्मा, हरिश मेवाफरोश, डॉ. अजय सिंह, संजय तीर्थानी, गोविंद काकाणी, प्रवीण सोनी को उपाध्यक्ष बनाया गया है।

दावा- दर्जा मिलने से मिलती है काम कराने की शक्ति

असल में जब भी सरकारें अध्यक्ष, उपाध्यक्ष नियुक्त करती है, उसके बाद राज्य मंत्री का दर्जा देती है। ये आदेश अलग से जारी होते हैं। राज्य के एक बड़े बोर्ड व कमाई वाले निगम के अध्यक्ष ने नाम न छापने की शर्त पर पत्रिका को बताया कि मंत्री का दर्जा मिलने से आम आदमी व कार्यकर्ताओं के काम करने की शक्ति मिलती है। अफसर सुनते हैं, लिखे गए पत्रों पर जल्द कार्रवाई होती है। मिलने के लिए भी ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ता।

Updated on:
13 Sept 2026 08:34 am
Published on:
13 Sept 2026 07:39 am