
शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने डीपीआई आयुक्त को किया फोन Uday Pratap : फोटो सोर्स : @udaypratapmp
Uday Pratap Singh : मध्यप्रदेश में टीचर्स भर्ती पर विवाद बढ़ता ही जा रहा है। वर्ग-2 और वर्ग-3 शिक्षक पदों में वृद्धि की मांग को लेकर भोपाल में प्रदर्शन कर रहे हैं। अभ्यर्थियों का आंदोलन शुक्रवार को 22 वें दिन भी जारी है। इससे पूर्व एक प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश के शिक्षा मंत्री उदयप्रताप सिंह से मुलाकात की। अभ्यर्थियों द्वारा उपलब्ध कराए दस्तावेजों के अनुरूप मंत्री ने लोक शिक्षण आयुक्त को पद बढ़ाने के लिए फोन किया लेकिन उन्होंने नियमों का हवाला देते हुए इससे साफ इंकार कर दिया। आयुक्त बोले कि पद में बढ़ोत्तरी के नियम ही नहीं हैं। ऐसे में अभ्यर्थियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। बता दें कि शिक्षक दिवस पर शिक्षा मंत्री ने प्रदेश के टीचर्स की सभी समस्याओं के निराकरण की बात कही थी।
प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री उदयप्रताप सिंह के समक्ष संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराए
टीचर्स पद के अभ्यर्थियों के प्रतिनिधिमंडल के साथ प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह की ओर से उनके पीए और पूर्व मंत्री पीसी शर्मा गुुरुवार को शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह के आवास पहुंचे। प्रतिनिधिमंडल में नितिन, ईशांत, नरेंद्र राजपूत, दीप्ति और लेखा शामिल थे। अभ्यर्थियों के मुताबिक, शिक्षा मंत्री ने पूर्व में पद वृद्धि से संबंधित दस्तावेज मांगे थे। प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री उदयप्रताप सिंह के समक्ष संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराए। उन्होंने सभी दस्तावेज ध्यान से देखे।
इसके बाद शिक्षा मंत्री उदयप्रताप सिंह ने डीपीआई आयुक्त अभिषेक सिंह से फोन पर बातचीत की। अभ्यर्थियों की मांग और उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों का जिक्र करते हुए टीचर्स पद वृद्धि की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। अभ्यर्थियों का दावा है कि बातचीत के दौरान डीपीआई आयुक्त ने पद वृद्धि को नियमों के विरुद्ध बताया।
डीपीआई आयुक्त अभिषेक सिंह द्वारा शिक्षा मंत्री के समक्ष नियमों का हवाला देते हुए पद वृद्धि से इंकार से अभ्यर्थियों की परेशानी और बढ़ गई है। उन्होंने आयुक्त के जवाब पर सवाल उठाया। अभ्यर्थियों का कहना है कि जब शिक्षा मंत्री पद वृद्धि के निर्देश दे रहे हैं तो विभागीय आयुक्त इसे नियम विरुद्ध कैसे बता सकते हैं।
अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि प्रदेश के शिक्षा मंत्री और लोक शिक्षण आयुक्त के अलग- अलग रुख हैं। उन्हें लगातार गुमराह किया जा रहा है और इससे मानसिक रूप से परेशान होना पड़ रहा है।
Updated on:
11 Sept 2026 10:24 am
Published on:
11 Sept 2026 10:24 am
