
Rajyasabha Election- मध्यप्रदेश में राज्यसभा का चुनाव दिलचस्प हो गया है। शनिवार को अपने दोनों घोषित प्रत्याशियों के नामांकन के 6 घंटे बाद भाजपा ने अपने विधायकों को भोपाल नहीं छोडऩे का अल्टीमेटम देकर तीसरी सीट पर दावेदारी पर अघोषित मुहर लगा दी। यह अल्टीमेटम सीएम हाउस पर देर शाम हुई विधायक दल की बैठक में दिया। प्रदेशाध्यक्ष खंडेलवाल ने कहा, नामांकन प्रक्रिया पूरी होने तक कोई विधायक भोपाल न छोड़ें। भाजपा से तीसरी सीट के लिए सोमवार शाम 5 बजे तक नामांकन हो सकते हैं। सूत्र बताते हैं कि कांग्रेस की सीट छीनने के लिए बीजेपी ने अपने दो वरिष्ठ नेताओं के नामांकन के लिए दस्तावेज बनवा लिए हैं। इनमें से एक अनुभवी हैं जबकि एक अन्य इंदौर इलाके के युवा नेता हैं। अपने दोनों संभावित उम्मीदवारों को बीजेपी संगठन ने भोपाल बुला लिया है।
राज्यसभा चुनाव में प्रदेश की 3 सीटों में से 2 पर भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ और सागर के रहने वाले प्रदेश मंत्री रजनीश अग्रवाल ने शनिवार को भोपाल में विधानसभा जाकर नामांकन फॉर्म भर दिए। चुघ के प्रस्तावक सीएम डॉ. मोहन यादव व अग्रवाल के प्रस्तावक प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल अग्रवाल बने।
भाजपा विधायकों को संगठन से अल्टीमेटम मिलता, उसके पहले कई नेता तीसरी सीट पर प्रत्याशी उतारने का शिगूफा छेड़ दिया। सीएम डॉ. यादव से शनिवार को जब इंदौर में तीसरी सीट पर प्रत्याशी उतारने की बात पूछी गई तो उन्होंने कहा, तीसरी सीट जाएगी कहां? इससे पहले पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह ने यहां तक कहा, भाजपा की तैयारी पूरी है। हमारे पास बहुमत और समर्थन है। पार्टी तीसरा प्रत्याशी उतारेगी तो भी जीत तय है। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने भी ऐसा ही बयान दिया था। बीजेपी के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष पीडब्लूडी मंत्री राकेश सिंह ने भी तीसरी सीट के संबंध में पार्टी की तैयारियों के संकेत दिए थे।
सूत्रों के अनुसार बीजेपी ने राज्यसभा की तीसरी सीट कांग्रेस से छीनने के लिए पुख्ता तैयारियां की हैं। पार्टी, नामांकन के अंतिम दिन अपना खेल दिखा सकती है। राजनीतिक समीकरण बदलने की स्थिति में राज्य सभा के लिए बीजेपी ने अपने दो वरिष्ठ नेताओं के दस्तावेज भी तैयार करा लिए हैं। इनमें से एक इंदौर क्षेत्र के पूर्व विधायक हैं। दोनों संभावित उम्मीदवारों को भोपाल बुलाया गया है।