MP News: बांधों की सुरक्षा और देखरेख का जिम्मा केंद्र के पास होगा....
MP News: भोपाल के बड़े तालाब (अपर लेक) और उससे जुड़े बांधों की निगरानी अब केंद्रीय स्तर पर की जाएगी। बीते दिन आधिकारिक तौर पर इन जलाशयों को नेशनल डैम सेफ्टी अथॉरिटी (एनडीएसए) की सूची में शामिल कर लिया गया है। अब इन बांधों की सुरक्षा और देखरेख का जिम्मा केंद्र के पास होगा। एनडीएसए के चेयरमैन अनिल जैन के नेतृत्व में एक उच्च स्तरीय टीम ने नगर निगम के जल कार्य विभाग के अधिकारियों के साथ भदभदा और कलियासोत बांध का विस्तृत निरीक्षण किया था।
एनडीएसए केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) की देखरेख में काम करता है। अब यह प्राधिकरण समय-समय पर बांधों का निरीक्षण और सुरक्षा ऑडिट करेगा और जरूरी दिशा-निर्देश जारी करेगा, जिनका पालन स्थानीय प्रशासन को अनिवार्य रूप से करना होगा। -उदित गर्ग, अधीक्षक यंत्री, जलकार्य
निरीक्षण के दौरान टीम ने भदभदा बांध की सक्रियता और सुरक्षा व्यवस्था को परखने के लिए एक गेट को कुछ देर के लिए खोला। झील के जलस्तर पर कोई प्रभाव न पड़े, इसलिए गेट को कुछ ही मिनटों में बंद कर दिया। इसके बाद टीम ने कलियासोत बांध पर भी जांच की। इस प्रक्रिया के साथ ही बड़े तालाब और कलियासोत बांध को केंद्रीय सुरक्षा तंत्र के अधीन कर दिया है।
यह पहली बार है जब एनडीएसए की टीम ने बड़े तालाब का निरीक्षण किया है। निरीक्षण से संबंधित डेटा और अवलोकन धर्मा (डीएचएआरएमए) पोर्टल पर अपलोड किए जा रहे हैं, जो बांध सुरक्षा निगरानी के लिए एक केंद्रीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म है।
यह निरीक्षण नेशनल डैम सेफ्टी एक्ट 2021 के कार्यान्वयन का एक हिस्सा है, जिसके तहत देशभर के बांधों को एक केंद्रीकृत निगरानी ढांचे के अंतर्गत लाया जा रहा है। एनडीएसए उन बांधों को सूचीबद्ध कर रहा है जिनकी ऊंचाई 10 मीटर से अधिक है या जो अंतर्राज्यीय नदियों से जुड़े हैं, ताकि सुरक्षा के समान मानक और नियमित ऑडिट सुनिश्चित किए जा सकें।