chaitra navratri: मंदिर परिसर में महाआरती और विशेष धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। ब्रह्म मुहूर्त से ही शुरू पूजा-अर्चना का दौर शुरू हुआ।
chaitra navratri: मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर शहर के नारियल खेड़ा के मां शारदा मंदिर में आस्था, भक्ति और शक्ति का अनूठा संगम देखने को मिला। शुक्रवार को मंदिर परिसर में महाआरती और विशेष धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। ब्रह्म मुहूर्त से ही शुरू हुए पूजा-अर्चना के दौर में हजारों की संख्या में श्रद्धालु माँ के दर्शन के लिए कतारबद्ध नजर आए।
महाअष्टमी के उपलक्ष्य में मंदिर समिति द्वारा विशेष साज-सज्जा की गई थी। पूरे मंदिर प्रांगण को गेंदे और गुलाब के ताजे फूलों से सजाया गया, वहीं विद्युत सज्जा की झिलमिलाहट ने रात के समय मंदिर की आभा में चार चाँद लगा दिए। गर्भगृह में जल रही अखंड ज्योति के दर्शन के लिए भक्तों में भारी उत्साह देखा गया। मंदिर समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि अष्टमी पर माँ शारदा का विशेष श्रृंगार किया गया, जिसमें उन्हें नूतन वस्त्र और स्वर्ण आभूषण धारण कराए गए।
शाम ढलते ही मंदिर में महाआरती का आयोजन हुआ। शंख, डमरू और घंटों की गूँज के बीच जब माँ की आरती शुरू हुई, तो पूरा नारियल खेड़ा क्षेत्र 'जय माता दी' के जयकारों से गुंजायमान हो उठा। आरती के तुरंत बाद भव्य भजन संध्या का आयोजन किया गया। स्थानीय ख्यातिलब्ध गायकों ने जब "मैया ओ मैया" जैसे भजनों की प्रस्तुति दी, तो श्रद्धालु स्वयं को रोक नहीं पाए और भक्ति भाव में डूबकर नृत्य करने लगे।
शास्त्रों में अष्टमी तिथि पर कन्या पूजन का विशेष महत्व बताया गया है। इसी परंपरा का निर्वहन करते हुए मंदिर परिसर में छोटी कन्याओं का पूजन कर उन्हें भोजन कराया गया और उपहार भेंट किए गए। देर रात तक चले इस धार्मिक अनुष्ठान के अंत में विशाल भंडारे का आयोजन हुआ। श्रद्धालुओं के बीच 'महाप्रसाद' का वितरण किया गया, जिसे ग्रहण करने के लिए दूर-दराज के क्षेत्रों से भी लोग पहुँचे थे।
नारियल खेड़ा के इस आयोजन में न केवल स्थानीय निवासी, बल्कि आसपास की कॉलोनियों से भी हर वर्ग के लोग शामिल हुए। सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए स्थानीय पुलिस और स्वयंसेवकों की टीम मुस्तैद रही। मंदिर समिति के सदस्यों ने सफल आयोजन के लिए सभी भक्तों का आभार व्यक्त किया। भक्तों का कहना था कि माँ शारदा के दरबार में आकर उन्हें जो आत्मिक शांति मिलती है, वह शब्दों में बयां करना मुश्किल है। यह आयोजन क्षेत्र की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना के साथ संपन्न हुआ।