
भोपाल. स्कीमर और सीसीटीवी कैमरे से खाताधारकों के खाते से लाखों रुपए उड़ाने वाले गिरोह का पर्दाफाश करने के बाद पुलिस परत दर परत मामले की तह में जा रही है। पूछताछ में हाकम ने पुलिस को बताया इनका गिरोह मुंबई में मोस्ट वांटेड हो चुका था।
मुंबई पुलिस के पास हाकम के फिंगर प्रिंट, अपराधिक रिकॉर्ड तैयार था। इस कारण हाकम और उसकी टीम को मुंबई में अपराध को अंजाम देना काफी चुनौतीपूर्ण हो गया था। इसके बाद हाकम को दूसरे शहरों की ओर रुख किया। इसके लिए इन लोगों ने इंदौर और भोपाल को टारगेट बनाया।
ये लोग पहले इंदौर और भोपाल में घूमने आए। इंदौर में आने के बाद हाकम ने तय किया कि उसकी बहन की इस शहर में शादी हुई है इस कारण इंदौर में अपराध को अंजाम नहीं देगा। दूसरे विकल्प में इन लोगों ने भोपाल को अपना निशाना बनाया। भोपाल में इन लोगों ने चार एटीएम बूथ को चुना जो इनके लिए सुरक्षित थे।
सबसे पहले शाहपुरा स्थित एसबीआइ एटीएम में इन लोगों ने अपराध को अंजाम दिया। दूसरे एटीएम को निशाना बनाते इससे पहले ही 9 जुलाई को स्कीमर एक प्रोफेसर के हाथ लग गया था। जिसके बाद ये लोग डरकर भोपाल से भाग गए थे।
30 सेकंड में लगा देता था स्कीमर और कैमरा
मास्टर माइंड हाकम इस मामले में इतना एक्सपर्ट हो गया था कि वो एटीएम बूथ में घुसकर महज 30 सेकंड में ही स्कीमर और सीसीटीवी कैमरा लगा देता था। हाकम का काम टीम को मॉनिटरिंग करना और एटीएम बूथ में घुसकर स्कीमर और कैमरे लगाने का था। बाकी तकनीकी काम फैजान करता था।
हाकम को लेकर पुलिस गई मुंबई
साइबर पुलिस ने मुख्य आरोपी हाकम की गिरफ्तारी के बाद उसे कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने उसे पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। इसके बाद उसके साथी की तलाश में साइबर पुलिस उसे लेकर मुंबई गई है। वहां पर पुलिस उसके साथी फैजान की तलाश कर रही है। फैजान की दो लोकेशन मिली है। पुलिस उस लोकेशन पर उसे तलाश कर रही है।
बिल्डर की बेटी थी गिरोह में शामिल
इन साइबर ठगों के गिरोह में मुंबई के एक नामी बिल्डर की बेटी भी शामिल है। इसी युवती ने भोपाल में रेकी की थी और जब हाकम स्कीमर और कैमरे लगा देता था तो वो प्रॉपर तरीके से काम कर रहा है या नहीं, इसे देखने वो जाया करती थी। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार बिल्डर की बेटी को ड्रग्स की लत लग गई थी। घर से उसे ज्यादा रुपए नहीं मिलने के कारण उसने अपराध की दुनिया में कदम रखा। भोपाल में वो बुर्का पहन कर रेकी करती थी।
काफी शतिर गिरोह है
साइबर एसपी भोपाल-इंदौर - जितेंद्र सिंह ने कहा कि ये गिरोह काफी शातिर हैं। हमारी एक टीम मुंबई गई है। वहां पर इस मामले में पड़ताल कर रही है। इनके समूह में शामिल सदस्यों के नाम भी हमारे पास आ गए हैं। इसमें सुहैल, हैदर, मो. जैद खान, तबस्सुम, मैवर जैतपुरा वाला, समीरा, शाहनवाज, सर्मिन और आयशा शामिल हैं। अभी तक एक की गिरफ्तारी हुई है। सभी की तलाश में हमारी टीम लगी हुई है।