भोपाल

MP के कई इलाकों में बाढ़ का कहर, सिर्फ 10 दिनों में 25 लोगों ने गंवाई जान

heavy rain alert - 25 dead in flood in bhopal area - 10 दिनों में कुल 25 जानें गईं। जिसमें अधिकांश लोगों की जानें उफनती नदी नालों में बहने से और कुछ के नदी में नहाते समय डूबने से हुई। प्रशासन के हाई अलर्ट के बावजूद कई इलाकों में आपदा प्रबंधन की तैयारी न होने से हादसों की संख्या बढ़ी है।

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Aug 22, 2019
Death by flood in mp : बाढ़ के कहर में डूबा राज्य, सिर्फ 10 दिनों में 25 लोगों ने गंवाई जान
Death by flood in mp : बाढ़ के कहर में डूबा राज्य, सिर्फ 10 दिनों में 25 लोगों ने गंवाई जान

भोपाल. मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल समेत सीहोर, अशोकनगर, गुना, राजगढ़, विदिशा और रायसेन जिले में भारी बारिश के कारण हुई तबाही से अब तक अगस्त महीने के 10 दिनों में कुल 25 जानें गईं। जिसमें अधिकांश लोगों की जानें उफनती नदी नालों में बहने और कुछ के नदी में नहाते समय डूबने से हुई।

प्रशासन के हाई अलर्ट के बावजूद कई इलाकों में आपदा प्रबंधन की तैयारी न होने से हादसों की संख्या बढ़ी है। जानकारी के मुताबिक अब तक भोपाल के आसपास इलाकों में सबसे अधिक 8 मौतें राजगढ़ में हुई। वहीं अशोकनगर में 2, गुना में 4, रायसेन में 3, विदिशा में 3, सीहोर में 3, भोपाल में 2 लोग की मौत हुई है।

भोपाल में बाढ़ से डूबने की स्थिती

भारी बारिश के चलते उफनती कुलांसी नदी में 16 अगस्त की शाम एक युवक बह गया था। जिसकी 36 घंटे लाश मिली। एसडीआरएफ, होमगार्ड और स्थानीय गोताखोर की टीम ने युवक के शव को बाहर निकाला। बताया जा रहा है कि युवक अच्छा तैराक है, पर वह तेज बहाव का सामना नहीं कर सका। खजूरी सडक़ थाना प्रभारी एलडी मिश्रा ने बताया कि लखापुर ग्राम निवासी 36 वर्षीय शेरसिंह मेवाड़ा खेती करता था।

हलाली डैम में परिवार के साथ पिकनिक मनाने गए छोला निवासी बंटी खान (24) और फैजल खान (22) नहाते समय गहरे पानी में चले गए। इससे बंटी की खान की मौत हो गई, अगले दिन फैजल की भी लाश मिली। सलामतपुर थाना प्रभारी रामसुजान पांडेय ने बताया कि रविवार दोपहर भोपाल के छोला मंदिर के पास रहने वाले बंटी खान, फैजल खान परिवार के साथ रविवार सुबह हलाली डैम आए थे। रविवार को दोपहर करीब 3 बजे इन दोनों युवकों ने हलाली डैम में नहाने के लिए छलांग लगाई, पर वे पानी से बाहर नहीं आए।

राजगढ़ में बाढ़ से डूबने की स्थिती

बारिश भले ही जिले में काफी देर से आई हो। लेकिन अब जब यह बारिश हो रही है तो अब यह आफत बनने लगी है। जहां लगातार बारिश होने से कई जगह पुल पुलियाए क्षतिग्रस्त हो रही है। वहीं कुछ गांवों की फसलें भी इस पानी में बर्बाद हो गई। यही नहीं बारिश में कुछ लोग अपनी जिंदगी भी गवा चुके है। प्रदेश की यदि बात करे तो अभी तक 70 लोग इस बाढ़ में बह चुके है। वहीं सिर्फ राजगढ़ जिले में नदी में बहने से करीब 8 लोगों की मौत 10 दिन में हुई है।

इन्होंने गवाई अपनी जान

- गुलखेड़ी में नाला पार करते समय युवक पहाड़सिंह बह गया था। जिसका शव दो दिन बाद मिला था।
- तलेन से बोड़ा की तरफ आ रहे युवा देवेन्द्र उमठ निवासी रौसला की पुलिया पार करते समय बह जाने से मौत हो गई।
- कुरावर के पास स्थित बरखेड़ा डोर गांव में रमेश मालवीय नाम के युवक की पार्वती नदी में बहने से मौत हो गई।
- छोटा बैरसिया सुकड़ नदी के पुल को पार करते समय रामसिंह वर्मा बह गया था। जिसका शव तीसरे दिन मिला।
-सारंगपुर के दराना गांव का बनेसिंह नाले में बह गया। जिसका शव दूसरे दिन मिला।
-आवनपुर गांव में 20 वर्षीय जसवंत भैस चराते हुए नदी के बहाव में आ गया। दूसरे दिन उसका शव राजस्थान के मनोहरथाना में मिला।


-राजगढ़ के रेस्टहाउस के पास मछली पकडऩे गया जावेद नदी के बहाव में बह गया। तीन दिन बाद उसका शव पाड़ल्याखाती गांव के पास मिला।
-केन्द्रीय विद्यालय के पीछे गाड़ी धोने पहुंचे अरबाज नाम के युवक की बैराज में डूबने से मौत हो गई।
- काई नदी में वहे दो युवकों में से सुरेंद्र राजपूत का शव 10 दिन बाद शुक्रवार को कालीसिंध नदी के पास मिला ।
- सुरेंद्र के साथी सोनू की अभी भी तलास की जा रही है।

Updated on:
22 Aug 2019 05:08 pm
Published on:
22 Aug 2019 08:43 am