बिजली संकट : गर्मी के कारण 325 मेगावाट से अधिक हो रही खपत। 75 फीडर पर अभी 40 फीसदी लाइन लॉस। बिजली फॉल्ट और चोरी रोकने के लिए शहर के 523 इलाकों में इंसुलेटेड लाइन लगाई जाएगी।
Bhopal News. बिजली लाइन फॉल्ट ( Electric fault ) व चोरी ( electricity thieves ) से बिजली की अनियमितता रोकने के लिए अब इंसुलेशन वाली लाइन ( Insulation Line ) डाली जाएंगी। बिजली कंपनी ( Electric Company ) शहर के 523 क्षेत्रों में इंसुलेटेड लाइन डालने पर काम शुरू कर रही है। बिजली लाइनें इंसुलेटेड होने से इनमें किसी पेड़ की डाल टकराने या अन्य टकराहट से फॉल्ट ( Electric Line Fault ) की स्थिति खत्म होगी। सीधी हेकड़ी या कटिया से भी चोरी नहीं हो सकेगी। सबसे पहले पुराने शहर में यह काम शुरू होगा। 60 फीसदी काम यहीं होना है।
भोपाल में बिजली कंपनी के करीब 355 फीडर हैं। इनमें से 75 फीडर्स पर लाइन लॉस अब भी 40 फीसदी है, जबकि 2009 से लाइन लॉस कम करने का काम चल रहा है। अब इन्हीं फीडर से जुड़े क्षेत्रों में इंसुलेशन लाइन से बिजली आपूर्ति होगी, ताकि कम से कम चोरी व फॉल्ट से परेशानी न हो।
मई के महीने में गर्मी तेज होने के साथ बिजली की खपत 30 फीसदी तक बढ़ी है। सामान्य दिनों में 280 मेगवाट के आसपास रहने वाली खपत इस समय 325 मेगावाट से अधिक हो रही है। यूनिट की बात करें तो बिजली की रोजाना की खपत 75 लाख यूनिट से बढकऱ 95 लाख यूनिट से हो रही है।
भोपाल मध्य क्षेत्र के एमडी रघुराज एमआर का कहना है कि, बिजली अधोसंरचना बेहतर करने के लिए कंपनी काम कर रही है। भोपाल में काफी काम है। इसमें लाइन सुधारना और नई लाइन का प्रमुख काम है। इससे बेहतर आपूर्ति की स्थिति बनेगी।