
भोपाल। MP की राजधानी भोपाल में रविवार को सुबह एक कपड़ा मिल में भीषण आग लग गई। यहां लगी आग इतनी भयानक थी कि इसे काबू करने में सेना तक को बुलाना पड़ा।
करीब 62 दमकलों ने कड़ी मेहनत के बाद 7 घंटों में इस पर काबू पाया।
आग के चलते आसमान में धुआं दूर दूर तक दिख रहा था, वहीं आग की लपटों की तीव्रता के कारण मिल की बिल्डिंग का एक हिस्सा ध्वस्त हो गया। वहीं घटना के समय ब्लो रूम में 2 लोग मौजूद थे।
दरअसल शनिवार को सुबह 9 बजे भी यहां शॉट सर्किट हुआ था, ऐसे में प्रबंधन ने इलेक्ट्रीशियन को बुलाकर कर दिखाया था। इसके बाद फिर रात में भी यहीं शॉट सर्किट हो गया।
ये हुआ खुलासा...
सामने आ रही जानकारी के अनुसार फैक्टरी के इलेक्ट्रॉनिक कांटे में शॉट हुआ था। जिसके बाद ही ये आग लगी।
वहीं इस पूरे मामले में जो सबसे खास बात सामने आई उसके अनुसार फैक्ट्री प्रबंधन द्वारा फायर रिंग लगाया गया था,लेकिन समय पर इसने काम नहीं किया। जिसके चलते आग ने भीषण रूप ले लिया।
चार जगह से तोड़ी दीवार...
आग के काबू में नहीं आने पर इसे बुझाने के लिए जेसीबी से चार जगह दीवार भी तोड़ी गई। वहीं इस पर काबू पाने के लिए 20 फायर फाइटर, विदिशा, सीहोर, मंडीदीप, पुलिस, भेल और मिलेट्री की फाइटर लगी थी। जबकि 30 वाटर टैंकर का भी आग को रोकने के लिए उपयोग किया गया।
ये है मामला...
भोपाल रेलवे स्टेशन के पास चांदबड़ इलाके में बड़ी कपड़ा मिल है। रविवार को सुबह 3 बजे के आसपास आग लग गई। देखते ही देखते कपड़े में रखे धागे और कपड़े आग में जल गए। मंत्री विश्वास सारंग ने कहा है कि इस मामले की जांच होगी।
लापरवाही का नतीजा है ये आग
सूत्रों के मुताबिक आग के पीछे बड़ी लापरवाही सामने आई है। मिल परिसर में आग बुझाने के इंतजाम तो लगा रखे थे, लेकिन वे बंद थे। इस कारण मिल के गार्ड्स और कर्मचारी आग को बुझा नहीं पाए।
सेना के जवानों ने संभाला मोर्चा
रात को तीन बजे आग की सूचना मिलते ही भोपाल नगर निगम की दमकलों समेत सीहोर और बैरागढ़ स्थित थ्री ईएमई सेंटर की दमकलों ने पहुंचकर मोर्चा संभाला।
रोजी रोटी का संकट
यहां के कर्मचारियों के सामने भी अब रोजी रोटी का संकट सामने आ गया है। इधर नरेला विधायक विश्वास सारंग ने मिल के लोगों से कहा कि आपकी सामने रोजी रोटी का संकट नहीं होने दिया जाएगा, सरकार आपकी मदद करेगी।
करोड़ों का नुकसान
कपड़ा मिल में बनने वाला कपड़ा और धागा भी आग में खाक हो गया। इसके अलावा मिल परिसर की एक बिल्डिंग भी गिर गई।
इस में करीब 200 करोड़ से अधिक का नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
ऐसे बचाया कुछ सामान
नगर निगम और सेना के जवानों ने बताया कि आग जिस स्थान पर लगी थी वहां पहुंचना भी मुश्किल हो रहा था। इसलिए दीवारें फोड़कर फायरकर्मियों को अंदर भेजना पड़ा।
कपड़ा मिल में लगी आग की हो उच्चस्तरीय जांच: अजय सिंह
नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने भोपाल की सबसे पुरानी कपड़ा मिल में लगी आग पर दुःख व्यक्त करते हुए सरकार से कहा है की वे इस पूरी घटना की उच्च स्तरीय जांच करवाने के साथ यह भी सुनिश्चित करें की इसका कोई प्रभाव वहां काम करने वालों के रोजगार पर न पड़े।
सिंह ने कहा कि राजधानी भोपाल में लोगों को रोजगार देने वाली कपड़ा मिल में लगी आग निश्चित ही दुःखद है। इसमें आग लगने से हजारों परिवार के सामने संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने कहा की कपड़ा मिल में फिर से काम शुरु हो इस बात का प्रयास सरकार करें और आग लगने के कारणों का पता लगाया जाएं।