भोपाल. सोलर पैनल जल्द ही धूप के साथ हवा में मौजूदा हाइड्रोजन से भी बिजली बनाएंगे। इनसे अपेक्षाकृत जयादा बिजली बनेगी। धूप की मौजूदगी में तो ये पैनल बिजली उत्पादन करेंगे ही, रात के समय भी हवा में मौजूदा हाइड्रोजन से बिजली उत्पादन की प्रकिया जारी रखेंगे। शहर में 25 हजार सोलर पैनल स्थापना के […]
भोपाल. सोलर पैनल जल्द ही धूप के साथ हवा में मौजूदा हाइड्रोजन से भी बिजली बनाएंगे। इनसे अपेक्षाकृत जयादा बिजली बनेगी। धूप की मौजूदगी में तो ये पैनल बिजली उत्पादन करेंगे ही, रात के समय भी हवा में मौजूदा हाइड्रोजन से बिजली उत्पादन की प्रकिया जारी रखेंगे। शहर में 25 हजार सोलर पैनल स्थापना के लक्ष्य पर काम रही बिजली कंपनी, यहां हाइड्रोजन सोलर पैनल की संभावनाओं को तलाश रही है। विदेशों में इस तरह के पैनल्स तैयार हो रहे हैं। आने वाले समय में शहर में भी ये नजर आएंगे। इनकी खासियत ये होगी कि इसे लंबे समय के लिए स्टोर भी किया जा सकेगा। यानि बैटरी का खर्चा भी घटेगा।
ऐसे करते हैं काम
जापानी कंपनियां कर रही काम
कोट्स
सोलर पैनल्स में तेजी से बदलाव हो रहे हैं। अगले एक से डेढ़ साल में भारतीय बाजारों में हाइड्रोजन सोलर पैनल आने की उम्मीद है। भोपाल में काफी संभावनाएं है।