भोपाल

MP News- गैस सिलेंडर चाहिए तो बनवाना होगा ये डाक्यूमेंट, एलपीजी संकट पर सख्त निर्देश

LPG- 23 हजार पेंडेंसी: 12 हजार सिलेंडरों की हो रही सप्लाई, बिना केवायसी नहीं मिलेगा गैस सिलेंडर

2 min read
Apr 04, 2026
MP LPG Gas Cylinder News (photo-patrika)

LPG- मध्यप्रदेश में एलपीजी संकट से निपटने के लिए प्रशासनिक कवायद जारी है। गैस सिलेंडरों के लिए केवायसी अनिवार्य कर दिया गया है। एलपीजी की कमी और सप्लाई के प्रयास के दावों के बीच अब खाद्य विभाग की टीमें उन एजेंसियों पर पहुंच रही हैं, जहां सिलेंडर के लिए ज्यादा भीड़ लग रही है। उपभोक्ताओं को समझाया जा रहा है कि यदि आपका केवायसी पूरा है तो सिलेंडर आपके घर पहुंच जाएगा। भोपाल जिले में अभी तीनों ऑयल कंपनियों के सिलेंडरों की 23 हजार सिलेंडरों की पेंडेंसी है, जबकि सप्लाई 12 हजार के आसपास नियमित रूप से हो रही है। इस बीच शनिवार को प्रशासन द्वारा गैस एजेंसियों पर जांच करने अभियान चलाया जाएगा। कलेक्टर के निर्देश पर यह कदम उठाया जा रहा है। जिला प्रशासन व अधिकारी सिलेंडरों की सप्लाई पर पूरी नजर रखे हुए हैं।

यदि सिलेेंडर की बुकिंग नियमानुसार है तो 2-3 दिन में सिलेंडर आपके घर पहुंच जाएगा

ये भी पढ़ें

एमपी में दो पूर्व मंत्रियों सहित 11 विधायकों को बड़ा दायित्व, बीजेपी ने बनाई 89 सदस्यीय जंबो टीम

अधिकारियों का कहना है कि 1 मार्च को क्लोजिंग के कारण परेशानी आई थी, लेकिन अगले दिन से सप्लाई पूरी तरह से की जा रही है। यदि सिलेेंडर की बुकिंग नियमानुसार है तो 2-3 दिन में सिलेंडर आपके घर पहुंच जाएगा।

जिन लोगों का ई-केवायसी पूरा है उन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं

कई गैस एजेंसियों पर रोज विवाद की स्थिति बन रही है। इसको लेकर कहा जा रहा है कि जिन लोगों का ई-केवायसी पूरा है उन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं हो रही। गैस एजेंसी संचालकों द्वारा नियमानुसार सिलेंडर देने का दावा किया जा रहा है ।

एसडीएम- तहसीलदार आज करेंगे जांच, अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी द्वारा आदेश जारी

शहर में एलपीजी गैस सिलेंडरों के वितरण में हो रही अनियमितताओं और उपभोक्ताओं से अधिक वसूली की शिकायतों को देखते हुए जिला प्रशासन सख्त हो गया है। कलेक्टर के निर्देश पर शनिवार को गैस एजेंसियों पर जांच अभियान चलाया जाएगा। इस संबंध में अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी द्वारा आदेश जारी कर दिए गए हैं। ये जांच रेट लिस्ट के प्रदर्शन, वजन और गुणवत्ता, कालाबाजारी पर रोक, अतिरिक्त डिलीवरी चार्ज और अवैध रिफिलिंग जैसे बिंदुओं को होगी।

कंपनियों की तरफ से 1 मार्च को क्लोजिंग के कारण सप्लाई में कमी दिखी थी लेकिन अब सिलेंडरों की सप्लाई पर पूरी नजर

इधर जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक चंद्रभान सिंह जादौन बताते हैं कि स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है। कंपनियों की तरफ से 1 मार्च को क्लोजिंग के कारण सप्लाई में कमी दिखी थी लेकिन अब सिलेंडरों की सप्लाई पर पूरी नजर रखे हुए है।

ये भी पढ़ें

सीएम व बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष के दिल्ली दौरे से मची खलबली, एमपी में राजनैतिक नियुक्तियां तय

Published on:
04 Apr 2026 08:08 am
Also Read
View All

अगली खबर