
Bhopal Marijuana smuggling: मध्य प्रदेश की राजधानी में एक बार फिर नशा मुक्ति दावों को फेल करने वाली घटना सामने आई है। भोपाल में नशा मुक्ति के दावों के बीच गांधीनगर इलाके में नशे के काले कारोबार का पर्दाफाश हुआ है। इस मामले में हैरान कर देने वाली बात ये है कि कारोबार को बाप-बेटी मिलकर चला रहे थे। पिता और बेटी गांजे की तस्करी करते हुए रंगे हाथ पकड़े गए। गांधीनगर पुलिस ने बाप-बेटी सहित एक अन्य साथी को गिरफ्तार किया। इनके पास से 21 किलो 950 ग्राम अवैध गांजा और तस्करी में इस्तेमाल की जा रही स्कूटी जब्त की गई है।
मुखबिर की सटीक सूचना पर बिछाया जाल गांधीनगर थाना प्रभारी सुनील चतुर्वेदी को मुखबिर से सूचना मिली कि कि ग गांधीनगर निवासी आकाश पारदी अपनी बेटी के साथ मिलकर मादक पदार्थों का बड़ा नेटवर्क चला रहा है और गांजे की एक बहुत बड़ी खेप ठिकाने लगाने की फिराक में है। सूचना मिलते ही पुलिस कमिश्नर संजय कुमार सिंह और डीसीपी आदर्श कांत शुक्ला के मार्गदर्शन में विशेष टीम गठित की गई।
पुलिस टीम ने एयरोसिटी रोड पर घेराबंदी कर तस्करों की मॉनिटरिंग शुरू की। आरोपी गांजे की खेप लेकर स्कूटी से पहुंचे, पुलिस ने घेर लिया। बैग्स से भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने मौके से आरोपी खुशी सोलंकी (19) उसके पिता आकाश पारदी (54) और रतलाम निवासी साथी तुषार चौहान (20) को गिरफ्तार किया।
महज 19 साल की उम्र में गांजे की अवैध तस्करी करने वाली खुशी और उसके पिता से अब पुलिस कड़ाई से पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि नशे की यह बड़ी खेप कहां से लाई गई थी और राजधानी में किन-किन लोगों तक पहुंचाई जानी थी। पुलिस इस मामले में दोनों से पूछताछ कर रही है।
बता दें कि, स्वतंत्रता दिवस के एक दिन पहले 14 अगस्त को भोपाल रेलवे स्टेशन पर 6.325 किलोग्राम यानी करीब 7.5 करोड़ की एमडी ड्रग्स की खेप को राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने कार्रवाई कर जब्त किया था। इस खेप को लेकर महिला ई दिल्ली से बेंगलुरू की यात्रा कर रही थी। महिला ने इन ड्रग्स को अपने ट्राली बैग में छिपा रखा था।