mp news: किताबों और यूनिफार्म पर स्कूल का नाम भी नहीं होगा, अगर किसी दुकान विशेष से स्कूल की किताबें मिलीं तो दुकान का लाइसेंस होगा रद्द।
mp news: मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में प्राइवेट स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों के अभिभावकों के लिए अच्छी खबर है। भोपाल में जिला शिक्षा विभाग ने प्राइवेट स्कूलों पर सख्ती दिखाई है और कुछ जरूरी निर्देश जारी किए हैं। ये निर्देश स्कूल फीस, यूनिफॉर्म के नाम पर हो रही लूट को लेकर हैं। राजधानी के 150 स्कूलों को ये निर्देश जारी किए गए हैं और ये भी कहा गया है कि नए सत्र बच्चों को जो किताबें पढ़ाई जाएंगी उनकी सूची भी 15 फरवरी तक जमा कराई जाए।
भोपाल में फीस और यूनिफॉर्म के नाम पर हो रही लूट को रोकने प्रशासन ने सख्ती की है। राजधानी के 150 स्कूलों को निर्देश जारी किए कि प्राइवेट स्कूलों को उन किताबों की सूची जमा करानी है जो नए सत्र में बच्चों को पढ़ाएंगे। जिला शिक्षा विभाग ने इसके लिए 15 फरवरी तक अल्टीमेटम दिया है। यूनिफार्म में बदलाव करने पर भी तीन साल तक रोक रहेगी। इनका उल्लंघन करने वाले स्कूलों पर धारा 188 के तहत मान्यता निरस्त करने की कार्रवाई की जा सकती है। जिला शिक्षा विभाग के अधिकारी नरेन्द्र अहिरवार ने बताया कि प्राइवेट स्कूलों को किताबों की सूची जमा कराने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ उन्हें फीस यूनिफार्म की जानकारी भी देना है। 15 फरवरी इसकी अंतिम समय सीमा है। वहीं पालक संघ सहित अभिभावक संगठनों का कहना है कि बीते सालों में इस तरह निर्देश जारी हो चुके हैं। इस बार भी यही हाल बन सकते हैं, ऐसे में यह केवल रस्म अदायगी साबित होगा। संघ के सचिव प्रबोध पांड्या ने बताया कि नियमों का पालन नहीं कराया जा रहा है।