MP Weather Pattern change: मध्य प्रदेश में बदला मौसम का मिजाज, कई जिलों में आंधी-बारिश और बिजली चमकने-बादल गरजने की संभावना, कुछ क्षेत्रों में भीषण गर्मी और लू का असर रहेगा, मौसम विभाग ने जारी किया है नया अलर्ट, जानें आपके जिले या शहर में कैसा रहेगा आज और कल का मौसम
MP Weather Pattern Changed: गर्मी के तीखे तेवर के बीच सक्रिय चक्रवाती हवा (cyclonic wind) के असर से कई राज्यों में अगले छह दिन तक आंधी-बारिश का मौसम रहने की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 28 अप्रेल से 3 मई तक उत्तर-पश्चिमी भारत, मध्य भारत समेत कई भागों के तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट आएगी।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली सहित 22 राज्यों में बादल छाए रहने से तेज हवा, आंधी, गरज-चमक के साथ कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। आइएमडी के अनुसार सोमवार को उत्तरी-पश्चिमी और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में लू या गंभीर लू की स्थिति रही। बीते 24 घंटे में महाराष्ट्र के अकोला में पारा 46.9 डिग्री सेल्सियस पहुंचकर देश का सबसे गर्म स्थान रहा।
इधर मध्यप्रदेश में 46 डिग्री तापमान के साथ खजुराहो ज्यादा तपा। इसके अलावा देश में अमरावती, वर्धा, यवतमाल (महाराष्ट्र), बांदा (उत्तरप्रदेश), बाड़मेर और जैसलमेर (राजस्थान) में तापमान 46 डिग्री से ऊपर दर्ज किया गया। मध्यप्रदेश में पचमढ़ी को छोड़कर बाकी जगह तापमान 42 डिग्री से ऊपर चल रहा है। भोपाल में तापमान 43.3 पर पहुंच गया।
मौसम विभाग के अनुसार अभी गर्मी (MP Weather) का सिलसिला जारी रहेगा। इस सप्ताह एक पश्चिमी विक्षोभ ट्रफ के रूप में है। पूर्वी उत्तरप्रदेश, उत्तरी हरियाणा और आसपास एक ऊपरी हवा का चक्रवात है। इस कारण मध्यप्रदेश में नमी आ रही है। अगले दो-तीन दिन खासकर उत्तरी और उत्तर पूर्वी हिस्सों में कहीं-कहीं गरज-चमक, तेज हवा के साथ बारिश, बौछारों की संभावना बन सकती है। तापमान में 1 से 2 डिग्री की गिरावट आ सकती है।
खजुराहो - 46
नौगांव - 45.5
श्योपुर - 44.8
दतिया - 44.7
टीकमगढ़ - 44.5
रीवा - 44.4
सतना - 44.4
सीधी- 44.4
रायसेन - 44
गुना - 44
भोपाल - 43.4
ग्वालियर - 43.5
जबलपुर- 42.7
इंदौर - 42
(आंकड़े डिग्री सेल्सि. में)
एमपी के छिंदवाड़ा, पांढुर्ना, सिवनी, मंडला और बालाघाट जिलों के लिए लू का अलर्ट जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में तापमान अधिक रहने के कारण भीषण गर्मी की आशंका जताई गई है।
सोमवार शाम सागर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में हुई हल्की बारिश ने मौसम को सुहावना बना दिया। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि 28 अप्रैल से लू का असर धीरे-धीरे कम होने लगेगा और बादलों की आवाजाही के कारण तापमान में कुछ गिरावट दर्ज की जाएगी। ऐसे में गर्मी से आंशिक राहत मिल सकती है।
भोपाल मौसम विज्ञान केंद्र का कहना है कि वर्तमान में एक चक्रवाती परिसंचरण और एक ट्रफ रेखा सक्रिय हैं। इनके प्रभाव से 1 मई तक प्रदेश में मौसम का मिला-जुला असर देखने को मिलेगा। इस दौरान कहीं आंधी-तूफान और बारिश होगी, तो कहीं गर्म हवाएं लोगों को परेशान करेंगी। प्रदेश में एक साथ दो तरह का मौसम देखने को मिल रहा है।