पुलिस कस्टडी से भागा कैदी 9 घंटे बाद गर्लफ्रेंड के चक्कर में पकड़ा गया।
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में एक अपराधी पुलिस को चकमा देकर कस्टडी से भाग निकला। वो भाग ही जाता अगर उसकी गर्लफ्रेंड न होती। दरअसल, गर्लफ्रेंड के चक्कर में ही वो फंस गया। पुलिस ने 9 घंटे बाद फरार अपराधी गिरफ्तार कर लिया। बता दें कि राजधानी भोपाल में स्थित सेंट्रल जेल से हमीदिया अस्पताल में एक्स-रे के लिए लाया गया एक कैदी हथकड़ी समेत भाग गया था।
पुलिस के अनुसार कैदी अपने हाथ में दर्द बता रहा था, जिसके चलते पुलिस उसे इलाज के लिए अस्पताल लाई थी। यहां इलाज शुरु करने से पहले चिकित्सक ने हाथ का एक्स-रे कराने के लिए भेजा। एक्स-रे के बाद जब जेल प्रहरी उसकी रिपोर्ट ले रहा था। इसी दौरान प्रहरी का ध्यान एक्स-रे रूम इंचार्ज की तरफ देख हथकड़ी समेत भाग निकला। बताया जा रहा है कि अस्पताल से भगाने में उसकी गर्लफ्रेंड ने उसकी मदद की थी। पुलिस के अनुसार जेल प्रहरियों के पास नदीम की गर्लफ्रेंड की जानकारी थी। जब नदीम फरार हुआ तो जेल प्रहरी जिंसी स्थित गर्लफ्रेंड के घर पहुंच गए। यहां उन्होंने गर्लफ्रेंड पर दबाव बनाया तो उसने भागने का राज खोल दिया।
पुलिस को देख भागा, पेर फ्रैक्चर हो गया
जेल प्रहरी को लड़की ने बताया कि कस्टडी से भागने वाला नदीम रुपयों की व्यवस्था करने विदिशा के लिए निकला है। इसके बाद जेल की टीम ने विदिशा रोड पर उसकी तलाश की तो वो एक ढाबे पर बैठा खाना खा रहा था। प्रहरियों ने एक बार फिर जब उसे पकड़ने की कोशिश की तो वो भागने लगा। दौड़ते वक्त वो गिर पड़ा, जिससे इस बार उसका पैर फ्रैक्चर हो गया।
निगरानी बदमाश पर 16 केस दर्ज
कोहेफिजा पुलिस अधिकारियों के अनुसार भोपाल के जिंसी में रहने वाले 26 वर्षीय नदीम खान जहांगीराबाद थाने का निगरानी बदमाश था। उसपर 16 अपराधिक मामले दर्ज हैं। बदमाश हमजा बम पर जानलेवा हमले के मामले में नदीम को अगस्त 2023 में 7 साल की सजा हुई है। इसके बाद से वो भोपाल सेंट्रल जेल में बंद है।
जेल प्रहरी दीपेश इंगले को सस्पेंड
मामले को लेकर सेंट्रल जेल अधीक्षक राकेश भांगरे का कहना है कि नदीम ने हाथ में दर्द होने की की शिकायत की थी। उसके बाद शनिवार सुबह उसे 5 अन्य बंदियों के साथ हमीदिया अस्पताल भेजा गया था। वहीं, से वो प्रहरी को चकमा देकर भाग गया। इसके बाद जेल प्रहरी दीपेश इंगले को सस्पेंड कर दिया था।