IRCTC New Rules for Sleeping: अगर आप भी अक्सर ट्रेन से सफर करते हैं और यह सफर लंबा है, तो यह खबर आपको जरूर पढऩी चाहिए। क्योंकि अब आपको ट्रेन में अपने हिसाब से नहीं बल्कि रेलवे के नियम के हिसाब से सोना होगा...यही नहीं खाने के समय और गाने सुनने से लेकर गुनगुनाने को लेकर भी रूल्स बनाए हैं। अब रेलवे की सख्ती से बचने रेलवे के लिए ये नए रूल्स जानने में ही आपकी भलाई है... तो जरूर पढ़ें ये पूरी खबर...
IRCTC New Rules for sleeping: अगर आप भी अक्सर ट्रेन का सफर करते हैं और यह सफर लंबा है, तो यह खबर जरूर पढ़ लें। दरअसल अब तक आप ट्रेन में फैमिली या दोस्तों के साथ मौज मस्ती करते हुए जाते थे, खासतौर पर रात में तो अब आपको ऐसा करना भारी पड़ सकता है। रेलवे ने अब आपकी नाइट टाइम मस्ती को बैन करने की तैयारी कर ली है। आप गाना वहीं अगर रेलवे के पास आपके रूल्स तोडऩे की शिकायत पहुंची तो, अब आपका चालान तक कट सकता है। आपको बता दें कि रेलवे के नए रूल्स के बाद यदि इन नियमों का पालन नहीं किया गया, तो यात्री के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कई बार ट्रेन में पसंद के अनुसार बर्थ भी नहीं मिलती, क्योंकि रेलवे के पास सीमित सीट होती हैं। कई बार मिडिल बर्थ पर सोने को लेकर भी विवाद हो जाता है। ऐसे में यह जानना जरूरी है कि यात्रा के समय आपको किन नियमों को पालन करना अनिवार्य होगा?
कुल मिलाकर भारतीय रेलवे ने हर यात्री की रेल यात्रा को सुखद बनाने की दिशा में सख्ती बरतना शुरू कर दी है। इसके तहत रात को तेज आवाज में बात करना, शोर मचाना और गाना सुनना अब यात्रियों को महंगा पड़ेगा। नए नियमों का उल्लंघन करने पर यात्री के खिलाफ कड़ी कार्रवाई भी की जाएगी।
यह है ट्रेन में सोने के नियम
- पहले यात्री रात के सफर में 9 घंटे तक सो सकते थे। लेकिन अब यह समय घटाकर 8 घंटे कर दिया गया है।
- पहले यात्रियों को एसी कोच और स्लीपर में रात 9 बजे से लेकर सुबह 6 बजे तक सोने की अनुमति थी। लेकिन रेलवे की तरफ से बदले गए नियम के बाद अब रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक ही सो सकेंगे। यानी अब सोने का समय घटकर 8 घंटे रह गया है।
- यह बदलाव उन सभी ट्रेनों में लागू होगा, जिनमें सोने की व्यवस्था है।
- इसके अलावा ट्रेन में सफर के दौरान अगर देर रात आपकी बर्थ पर अपर या मिडिल बर्थ का कोई यात्री बैठा रहता है, तो आपको सोने में परेशानी हो सकती है। लेकिन अब नियम के मुताबिक रात 10 बजे से लेकर सुबह 6 बजे तक के समय में आप इन यात्रियों को उनकी बर्थ पर जाने को कह सकते हैं। ऐसे ही अगर दिन के समय मिडिल बर्थ का कोई यात्री अपनी बर्थ खोलता है, तो आप उसे मना कर सकते हैं।
रेलवे के न्यू नाइट रूल्स
- कोई भी यात्री अपनी सीट, डिब्बे या कोच में तेज आवाज में मोबाइल पर बात नहीं कर सकता।
- बिना ईयरफोन के कोई भी यात्री तेज आवाज में म्यूजिक नहीं सुन सकता।
- रात 10 बजे के बाद रात की रोशनी को छोड़कर किसी भी यात्री को लाइट जलाने की अनुमति नहीं होगी।
- ट्रेन सेवाओं में ऑनलाइन भोजन रात 10 बजे के बाद नहीं दिया जाएगा।
- हालांकि, आप ई कैटरिंग सर्विस के साथ रात में भी ट्रेन में अपने भोजन या नाश्ते के लिए प्री ऑर्डर कर सकते हैं।
- इसके अलावा, ट्रेन के डिब्बों में धूम्रपान, शराब पीना और कोई भी गतिविधि करना और किसी भी ज्वलनशील वस्तु को ले जाने की अनुमति नहीं है।