
Twisha Sharma Husband Statement: मध्यप्रदेश समेत देशभर में बहुचर्चित मॉडल-एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा मौत मामले में जांच एजेंसियों को हाथ लगे तथ्यों से कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं, जिससे यह पूरा मामला और अधिक रहस्यमय होता जा रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मौत से कुछ घंटे पहले ही ट्विशा और समर्थ एक ही पार्क में अलग-अलग टहलने के लिए गए थे, लेकिन दोनों की न तो पार्क में मुलाकात हुई और न ही उनके बीच कोई बातचीत हुई। कुछ देर बाद दोनों अलग-अलग रास्तों से घर लौटे थे।
जांच एजेंसियों को दिए गए बयान में समर्थ सिंह ने बताया कि, ' 12 मई की सुबह में जिम गया और ट्विशा ने घर पर ही योग किया। अम्मा (गिरिबाला सिंह) कोर्ट चली गई थीं और मैं भी अपने काम से बाहर चला गया। दोपहर के बाद ट्विशा घर के नजदीक के पार्लर गई और शाम करीब 6 बजे वापस लौटी। इस दौरान मैं घर आ चुका था। कुछ देर बाद में ईको पार्क टहलने चला गया था। मेरे जाने के कुछ देर बाद ट्विशा भी वहां पहुंची, लेकिन हम दोनों एक दूसरे से मिल नहीं पाए। शाम 7 बजे एक ही पार्क से हम दोनों अलग-अलग रास्तों से घर लौटे।
रात करीब 8 बजे के आसपास मैं, ट्विशा और अम्मा तीनों ने साथ बैठकर खाना खाया। उसके बाद कुछ देर टीवी देखा। 9 बजे के बाद सभी अपने-अपने कमरों में चले गए। समर्थ ने बताया कि बाद में ट्विशा की मां का फोन आया तब वो उसे ढूंढते हुए जब छत पर पहुंचा तो वहां ट्विशा का शव देखा और तुरंत नौकर प्रमोद झारिया और अपने मौसेरे भाई स्वराज को बुलाया था। बता दें कि ट्विशा शर्मा की डेथ मिस्ट्री में सास पूर्व जज गिरिबाला सिंह और पति समर्थ अभी भोपाल सेंट्रल जेल में हैं। सीबीआई कोर्ट ने दोनों को 16 जून तक न्यायिक हिरासत में भेजा है।
नोएडा की रहने वाली ट्विशा की शादी दिसंबर 2025 में भोपाल की पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह के वकील बेटे समर्थ सिंह के साथ हुई थी। महज चंद माह बाद ही 12 मई 2026 की रात को ट्विशा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। ट्विशा अपने ससुराल के टेरेस पर फंदे से लटकी मिली थी। गिरिबाला और समर्थ सिंह रात को ही एम्स भोपाल लेकर पहुंचे, जहां ट्विशा को मृत घोषित कर दिया गया था। इसके बाद मामला तब उलझा जब गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह पर सबूत नष्ट करने के आरोप लगे। आरोप है कि उन्होंने काफी समय न्यायिक अधिकारियों और पुलिस के बड़े अफसरों को फोन लगाकर मामला प्रभावित करने का प्रयास किया। ट्विशा के परिवार और ससुराल पक्ष के आरोप-प्रत्यारोप और लड़ाई में करीब 12 दिन तक ट्विशा का शव एम्स की मार्चुरी में रखा रहा था।