
बीकानेर। राजस्थान के सीमावर्ती जिले बीकानेर में सुरक्षा एजेंसियों के इनपुट के बाद एक संदिग्ध बांग्लादेशी महिला को हिरासत में लिया गया है। महिला करीब आठ महीने से भारत में रह रही थी। गुरुवार को सीआईडी इंटेलिजेंस से मिले इनपुट के आधार पर जय नारायण व्यास कॉलोनी थाना पुलिस ने अशोक नगर क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए उसे एक डेरे से पकड़ा।
पुलिस के अनुसार हिरासत में ली गई महिला की पहचान नीला (27), पत्नी सैफुमुल्ला के रूप में हुई है। शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि वह बांग्लादेश से भारत आने के बाद अलग-अलग स्थानों पर रही। मजदूरी की तलाश में वह गुजरात भी गई और बाद में बीकानेर पहुंची। अब जांच एजेंसियां उसके भारत में प्रवेश करने के रास्ते और यहां तक पहुंचने की पूरी कड़ी का पता लगाने में जुटी हैं।
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि महिला ने भारत में प्रवेश के लिए किस मार्ग का इस्तेमाल किया। उसके पास वैध पासपोर्ट, वीजा या अन्य यात्रा दस्तावेज थे या नहीं, इसकी भी जांच की जा रही है। साथ ही बांग्लादेश में उसके बताए गए पते और वहां की पारिवारिक पृष्ठभूमि से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही है।
महिला के पास मिले दस्तावेजों और अन्य सामान की भी जांच की जा रही है। पिछले आठ महीनों के दौरान वह किन शहरों में रही और किन लोगों के संपर्क में आई, इसकी जानकारी भी जुटाई जा रही है।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां महिला के संपर्कों की पड़ताल कर रही हैं। उसके मोबाइल फोन, कॉल डिटेल और आर्थिक लेनदेन से जुड़ी जानकारी की जांच किए जाने की बात सामने आई है। एजेंसियां यह जानने का प्रयास कर रही हैं कि बीकानेर में उसे ठहरने की जगह किसने उपलब्ध कराई और क्या वह किसी व्यक्ति या नेटवर्क के संपर्क में थी।
जय नारायण व्यास कॉलोनी थाना अधिकारी देवेंद्र सिंह के अनुसार महिला को फिलहाल पुलिस हिरासत में रखा गया है। चूंकि मामला विदेशी नागरिक के भारत में रहने और सुरक्षा एजेंसियों से जुड़े पहलुओं से संबंधित है, इसलिए आगे की जांच में अन्य एजेंसियों को भी शामिल किया जा रहा है। संयुक्त जांच समिति (JIC) महिला से पूछताछ करेगी।
बीकानेर पाकिस्तान सीमा के नजदीक होने के कारण सुरक्षा के लिहाज से संवेदनशील जिला माना जाता है। ऐसे में विदेशी नागरिक के लंबे समय तक यहां रहने की जानकारी सामने आने के बाद एजेंसियां मामले की हर कड़ी को गंभीरता से खंगाल रही हैं। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि महिला भारत में किस उद्देश्य से आई थी और उसके स्थानीय स्तर पर किन लोगों से संपर्क थे।