
कस्बे के स्वर्ण कारोबारी के 18 वर्षीय पोते गौतम सोनी का रविवार देर रात को अपहरण कर लिया गया।अपहरणकर्ताओं ने परिजनों से उसे छोडऩे की एवज में 15 लाख रुपए की फिरौती मांगी। गौतम के अपहरण से परिजनों के होश उड़ गए। परिजनों ने पुलिस को सूचित किया। अपहरण की सूचना के बाद हरकत में आई पुलिस ने 12 घंटों के भीतर ही अपहरणकर्ताओं के चंगुल से गौतम को छड़ा लिया और आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।
एएसपी ग्रामीण लालचंद कायल ने बताया कि कस्बे के स्वर्ण कारोबारी ओमजी भाई के पोते गौतम सोनी (18) पुत्र जगदीश सोनी का कुछ लोगों ने रविवार रात करीब आठ बजे अपहरण कर लिया और 15 लाख की फिरौती मांगी। इसकी सूचना परिजनों ने पुलिस को दी। पुलिस ने परिजनों को साथ लेकर रात को ही अपहरणकर्ताओं की धरपकड़ के प्रयास शुरू कर दिए।
करीब 12 घंटे की मशक्कत के बाद सोमवार सुबह करीब सात बजे जसरासर से दो किलोमीटर आगे पुलिस ने अपहरणकर्ताओं के चंगुल से गौतम को छुड़ा लिया। पुलिस ने स्वर्ण कारोबारी के ड्राईवर नोखा निवासी नितेश नाई, यूपी के मुरादाबाद जिले के गोविंदनगर निवासी विनय ठाकुर एवं मुरादाबाद के शिवम सैनी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपितों को मंगलवार को न्यायालय में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा।
यूं दिया वारदात को अंजाम
चालक नितेश ने रविवार रात को गौतम सोनी को फोन कर माडिया गांव के पेट्रोल पंप के पास कार खराब होने की सूचना दी। इसके बाद गौतम वहां पहुंचा। तब कार में चालक के अलावा चार-पांच अन्य व्यक्ति थे। आरोपितों ने गौतम को गाड़ी में बिठा लिया और जसरासर की तरफ रवाना हो गए। चलती कार में से ही आरोपितों ने गौतम के परिजनों को फोन कर 15 लाख की फिरौती मांगी।
ऐसे आए पकड़ में
नोखा एसएचओ मनोज शर्मा ने बताया कि अपहरण की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने जसरासर पुलिस चौकी सहित जिलेभर की पुलिस को सतर्क कर दिया। नाकाबंदी करा दी गई। पुलिस आरोपितों के मोबाइल लोकेशन के आधार पर रात को अंधेरे में उनका पीछा करती रही। पुलिस ने जसरासर के पास ही रात को डेरा जमा लिया। पुलिस ने मोबाइल की लोकेशन की मदद से आरोपितों को दबोचने में कामयाब हो पाई। वारदात में दो लोग और भी शामिल होने की आशंका है, जिनकी तलाश की जा रही है।