बीकानेर

ये कोहरे में फॉग डिवाइस देगी लोको पायलट को सिग्नल की सही सूचना

मंडल पर 272 पैसेंजर एवं 126 गुड्स ट्रेनों में लोको पायलटों को फॉग डिवाइस दी गयी हैं। जो कोहरे के समय लोको पायलट को सिग्नल के सबंध में सही सूचना देती हैं।
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Nov 11, 2025
फॉग डिवाइस
फॉग डिवाइस

उत्तर-पश्चिम रेलवे के बीकानेर मंडल पर सर्दियों के मौसम में विशेष तैयारियों के साथ रेल संचालन किया जा रहा है। सर्दियों के मौसम में कम तापमान से रेललाइन के सिकुड़ने एवं कोहरे में रेल संचालन को लेकर विशेष योजनाएं तैयार की गई हैं। मंडल पर 272 पैसेंजर एवं 126 गुड्स ट्रेनों में लोको पायलटों को फॉग डिवाइस दी गयी हैं। जो कोहरे के समय लोको पायलट को सिग्नल के सबंध में सही सूचना देती हैं। डिवाइस यह सूचना देती है कि अब आगे कौनसे प्रकार का सिग्नल आने वाला है। यह डिवाइस करीब 9999 मीटर से पहले ही लोको पायलट को आने वाले सिग्नल के बारे में सूचित करना शुरू कर देती है। इससे लोको पायलट अपनी गाड़ी की गति को नियंत्रित करते हुए आगामी सिग्नल को सुरक्षित पार करने के लिए तैयार रहता है। बीकानेर मंडल में रेवाड़ी से बठिंडा रेलखंड एवं भटिंडा से सूरतगढ़ रेलखंड विशेष रूप से कोहरे से प्रभावित रहता है।

कोहरे में ये भी रहेगी व्यवस्था
फॉग डिवाइस के अलावा रेलपथ पर गुड्स वार्निंग बोर्ड की दक्षता बढ़ाने के लिए रेडियम की स्ट्रिप लगाई जाएगी एवं चूना पट्टी की व्यवस्था भी होगी। ताकि लोको पायलट आसानी से कोहरे की स्थिति समझ सके। इसके साथ ही रेल पथ पर रात्रि गश्त के लिए ट्रैक मेंटेनर की ड्यूटी लगाई गयी है। जिससे सर्दी में होने वाले रेललाइन फ्रैक्चर की तुरंत सूचना मिल सके। इसके लिए ट्रैक मेंटेनर को डेटोनेटर दिए गए हैं। इन डेटोनेटर को ट्रैकमेंटेनर रेललाइन फ्रैक्चर होने पर गाड़ी आने की दिशा में एक निश्चित दूरी पर रेल लाइन पर फिट करता है। ताकि जब इंजन के व्हील इस डेटोनेटर के ऊपर से गुजरते हैं, तो डेटोनेटर तेज आवाज के साथ फूटता है और लोको पायलट इस आवाज को सुनकर गाड़ी की गति को नियंत्रित करते हुए खतरे के स्थान से पहले ही गाड़ी रोक देता है।

Updated on:
11 Nov 2025 06:45 pm
Published on:
11 Nov 2025 06:45 pm