
Arun Sao Review Meeting: उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री अरुण साव ने अधिकारियों को विकास कार्यों में तेजी के साथ गुणवत्ता और समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजनाएं केवल वर्तमान जरूरतों को देखकर नहीं, बल्कि भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर बनाई जाएं। निर्माण कार्यों में देरी और गुणवत्ता से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
कलेक्ट्रेट परिसर के मंथन सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने बिल्हा के बरतोरी-मोहतरा मार्ग के बीच बिजली के खंभे लगाए जाने के मामले को गंभीरता से लिया। उन्होंने जिला पंचायत सीईओ को जांच कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। दोषी पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक से अनुपस्थित बिल्हा, कोटा और तखतपुर जनपद पंचायत के सीईओ तथा रतनपुर नगरपालिका के सीएमओ को शो-कॉज नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए। बैठक में विधायक धरमलाल कौशिक, धर्मजीत सिंह, सुशांत शुक्ला, दिलीप लहरिया, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, महापौर पूजा विधानी, कलेक्टर संजय अग्रवाल, एसएसपी रजनेश सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।
उप मुख्यमंत्री ने बारिश के दौरान जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान तलाशने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आने वाले वर्षों में जलभराव न हो, इसके लिए ठोस योजना बनाई जाए। बारिश से सड़कों को होने वाले नुकसान की मरम्मत के लिए अभी से तैयारी रखने और बारिश थमते ही काम शुरू करने को कहा।
उन्होंने आगे कहा कि बिलासपुर शहर में पहली ही बारिश में जलभराव की स्थिति सामने आई है। इससे निपटने के लिए अभी से ऐसी बेहतर और स्थायी कार्ययोजना तैयार की जाए, जिससे आने वाले वर्षों में शहरवासियों को इस समस्या का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि बारिश के दौरान सड़कों पर गड्ढे और क्षति की स्थिति बनती है। विभागीय अधिकारी इसकी तैयारी अभी से रखें, ताकि बारिश समाप्त होते ही सडक़ों की मरम्मत और सुधार कार्य तत्काल शुरू किया जा सके।
ऐतिहासिक नगरी मल्हार और रतनपुर के समन्वित विकास के लिए मास्टर प्लान तैयार किया जाएगा। इसमें विरासत, पर्यटन और भविष्य की जरूरतों को शामिल किया जाएगा। साव ने प्रधानमंत्री आवास, अधोसंरचना और स्वच्छता कार्यों में भी तेजी लाने के निर्देश दिए। जल जीवन मिशन की समीक्षा में बताया गया कि 804 सिंगल विलेज योजनाओं में से 310 पूरी हो चुकी हैं और 219 ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित की जा चुकी हैं। साव ने इनके रखरखाव में जनभागीदारी बढ़ाने तथा जल संरक्षण को लेकर गांवों में जागरूकता बढ़ाने को कहा।
मौसमी बीमारियों की समीक्षा में कोटा विकासखंड में अब तक मलेरिया के 48 मरीज मिलने की जानकारी दी गई। इनमें छह मरीज उपचाररत हैं। प्रभावित क्षेत्रों में रोटरी क्लब के सहयोग से 1500 मच्छरदानियां बांटी जा रही हैं। उप मुख्यमंत्री ने गांव स्तर तक निगरानी और मितानिनों के पास जरूरी दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में कृषि विभाग ने बताया कि पर्याप्त बारिश के चलते फसलों की स्थिति अच्छी है और खाद-बीज की भी पर्याप्त उपलब्धता है। साव ने धान खरीदी के लिए एग्रीस्टैक पोर्टल पर किसानों का पंजीयन कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पंजीयन के अभाव में कोई किसान धान बेचने से वंचित नहीं होना चाहिए। गांवों में शिविर लगाकर पंजीयन कराने पर जोर दिया।