Journalist Death Threat Case GPM: जनपद पंचायत गौरेला में कथित रिश्वतखोरी से जुड़ी खबर प्रकाशित करने के बाद पत्रकार को जान से मारने की धमकी मिलने का मामला सामने आया है।
GPM Journalist Threat News: छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले से एक बड़ी खबर निकलकर सामने आई है। यहां पत्रकार को फोन पर जान से मारने की धमकी मिली है। बताया जा रहा है कि जनपद पंचायत गौरेला में रिश्वतखोरी से जुड़े मामले में समाचार प्रकाशित करने की वजह से पत्रकार को यह धमकी मिली है। मामले को लेकर पत्रकार गौरव जैन ने पुलिस अधीक्षक को लिखित शिकायत सौंपकर एफआईआर दर्ज करने और सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
जानकारी के अनुसार, 10 मई को जनपद पंचायत गौरेला में विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन-ग्रामीण (पूर्व मनरेगा) से जुड़े कार्यों में भ्रष्टाचार का मामला सामने आया था। आवास मित्र के रूप में कार्य कर चुके हेतराम राठौर ने तकनीकी सहायक तरुण ताम्रकार पर पशु शेड के मूल्यांकन के एवज में 5 हजार रुपए रिश्वत मांगने का आरोप लगाया।
पीड़ित का दावा है कि कुल राशि में से 4 हजार रुपए जनपद पंचायत कार्यालय की छत पर दिए गए थे। इस लेनदेन का वीडियो भी रिकॉर्ड किया गया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
पत्रकार गौरव जैन ने अपनी शिकायत में बताया कि खबर प्रकाशित होने के बाद लगातार फोन कॉल कर दबाव बनाया गया। आवेदन के मुताबिक, 9893317123 नंबर से कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को तकनीकी सहायक तरुण ताम्रकार का बड़ा भाई तुषार ताम्रकार बताया। शिकायत में कहा गया है कि फोन पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते हुए गंभीर परिणाम भुगतने और “देख लेने” जैसी धमकियां दी गईं। पत्रकार का आरोप है कि यह स्वतंत्र पत्रकारिता को दबाने और जनहित के मुद्दों की रिपोर्टिंग रोकने का प्रयास है।
पत्रकार ने एसपी को दिए आवेदन में कहा है कि प्रकाशित समाचार उपलब्ध तथ्यों और वीडियो साक्ष्यों के आधार पर तैयार किया गया था। यदि संबंधित पक्ष को आपत्ति थी तो वे कानूनी प्रक्रिया अपना सकते थे, लेकिन इसके बजाय धमकी और भय का माहौल बनाया गया। शिकायत में संबंधित मोबाइल नंबर की तकनीकी जांच, कॉल डिटेल निकलवाने और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की प्रासंगिक धाराओं के तहत मामला दर्ज कर सख्त कार्रवाई करने की मांग की गई है। साथ ही व्यक्तिगत सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई गई है।