बिलासपुर

शिक्षाविदों और छात्रों के साथ ग्रामीणों ने भी की शराब दुकान हटाने की मांग, शिफ्ट करने जमीन तलाशने में जुटा विभाग

Liquor shops: छात्र-छात्राओं में नशे की आदत बढ़ने लगी है। शिक्षकों और अभिभावकों की चिंताओं के बीच छात्र संगठनों और स्थानीय लोगों ने इस दुकान को हटाने की जोरदार माँग उठाई है।

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शराब दुकान हटाने की मांग (Photo source- Patrika)

Liquor shops: एजुकेशन हब बन चुका कोनी एक बार फिर विवादों में है। विश्वविद्यालयों और स्कूलों के बीच संचालित हो रही शराब दुकान संचालन छात्रों और शिक्षकों के लिए सिरदर्द बन चुका है। गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय, पं. सुंदरलाल शर्मा मुक्त विश्वविद्यालय, अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय के साथ-साथ सरस्वती शिशु मंदिर, आधारशिला स्कूल, सरस्वती कॉलेज और इंजीनियरिंग कॉलेज जैसे शैक्षणिक संस्थानों के पास शराब दुकान खुलेआम संचालित हो रही है। इसका दुष्प्रभाव छात्रों पर पड़ रहा है। छात्र-छात्राओं में नशे की आदत बढ़ने लगी है। शिक्षकों और अभिभावकों की चिंताओं के बीच छात्र संगठनों और स्थानीय लोगों ने इस दुकान को हटाने की जोरदार माँग उठाई है।

Liquor shops: आबकारी अधिकारी राठौर व मिश्रा को जिम्मेदारी

शराब दुकान को हटाने के लिए पत्रिका ने अभियान चलाया। इस मुहिम का असर यह हुआ कि अब आबकारी विभाग हरकत में आ गया है। सहायक आयुक्त आबकारी नवनीत तिवारी ने शराब दुकान शिफ्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। उन्होंने सहायक जिला आबकारी अधिकारी कल्पना राठौर और समीर मिश्रा को नया स्थान चयनित करने की जिम्मेदारी सौंपी है। आबकारी विभाग के अधिकारियों के अनुसार, जैसे ही वैकल्पिक स्थान की पहचान हो जाएगी, शराब दुकान को वहां स्थानांतरित कर दिया जाएगा।

जनप्रतिनिधि व ग्रामीणों ने भी जताई नाराजगी

कोनी क्षेत्र के ग्रामीणों ने भी शराब दुकान को हटाने की माँग की है। उनका कहना है कि नशे की वजह से क्षेत्र में अपराध और सामाजिक तनाव बढ़ा है। एक ग्रामीण नेता ने बताया, हम अपने बच्चों को पढ़ने के लिए भेजते हैं, लेकिन स्कूल-कॉलेज के सामने शराब दुकान होने से वे किस माहौल में पढ़ेगे? डीपी विप्र बी.एड कॉलेज की छात्राओं को अधिक समस्या का सामना करना पड़ रहा है।

…तो छात्र संगठन करेगा आंदोलन

Liquor shops: छात्र संगठनों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि शराब दुकान को शीघ्र नहीं हटाया गया तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। कई छात्र-छात्राओं ने बताया कि शिक्षण संस्थान के आसपास नशे का माहौल शिक्षण व्यवस्था पर सीधा असर डाल रहा है। सरस्वती शिशु मंदिर स्कूल के एक शिक्षक ने कहा, यहां बच्चे आवासीय रूप से रहकर पढ़ते हैं। शराब दुकान की वजह से माहौल दूषित हो रहा है। अभिभावक भी असहज महसूस कर रहे हैं।

नवनीत तिवारी, सहायक आयुक्त आबकारी: छात्रों और ग्रामीणों की मांग है कि शराब दुकान वहाँ से शिफ्ट किया जाए। ऐसे में सहायक जिला आबकारी अधिकारी कल्पना राठौर और समीर मिश्रा को जमीन चयन कर, नियम के हिसाब से शराब दुकान के लिए उचित स्थान देखने कहा गया है। जगह मिलते ही शराब दुकान को शिफ्ट किया जाएगा।

Published on:
06 Jun 2025 11:58 am
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