
Agra Drishyam Style Murder Case: उत्तर प्रदेश के आगरा से सामने आया एक सनसनीखेज मामला पूरे देश को हैरान कर रहा है। इस घटना की तुलना लोग बॉलीवुड की चर्चित फिल्म 'दृश्यम' से कर रहे हैं। फिल्म में जिस तरह से लाश को पुलिस स्टेशन की जमीन में ही दफनाया जाता है, उसके बाद कई केस देश में अब सामने आ रहे हैं।
आगरा में आरोप है कि एक महिला ने पहले अपने पति की हत्या की, फिर शव को घर के बाथरूम के फर्श के नीचे दफना दिया और करीब डेढ़ महीने तक उसी बाथरूम का इस्तेमाल करती रही। पुलिस की शुरुआती जांच में कई ऐसे तथ्य सामने आए हैं, जिन्होंने इस केस को और भी रहस्यमयी बना दिया है। आखिर क्या है पूरा मामला? क्या सचमुच इस वारदात की पटकथा किसी फिल्म से प्रेरित थी या इसके पीछे कोई और वजह थी?
आगरा के सिकंदरा इलाके में रहने वाले सुरेंद्र कुमार शर्मा अचानक लापता हो गए। परिवार और आसपास के लोगों को यही बताया गया कि वह कहीं चले गए हैं और उनका कोई पता नहीं चल रहा। पत्नी रूबी लगातार यही दावा करती रही कि उसे भी पति के बारे में कोई जानकारी नहीं है।
करीब 46 दिन तक यह कहानी चलती रही। लेकिन एक पुराने पुलिस रिकॉर्ड की जांच के दौरान ऐसा मोड़ आया, जिसने पूरे मामले का सच सामने ला दिया।
बताया जा रहा है कि वर्ष 2017 में सुरेंद्र कुमार शर्मा के खिलाफ ट्रक चोरी का एक मामला दर्ज हुआ था। उसी मामले में सत्यापन के लिए पुलिस उनके घर पहुंची। जब पुलिस ने सुरेंद्र के बारे में जानकारी मांगी तो पत्नी ने कहा कि वह कई दिनों से लापता हैं।
पुलिस ने औपचारिक प्रक्रिया शुरू की और सुरेंद्र की जानकारी जुटानी शुरू की। इसी दौरान घटनाक्रम ने ऐसा मोड़ लिया कि परिवार के भीतर दबी सच्चाई बाहर आने लगी।
पुलिस की पूछताछ के बाद रूबी घबरा गई। उसने अपने जेठ को घर बुलाया। परिवार के भीतर पहले से पेंशन और अन्य बातों को लेकर विवाद की चर्चा भी सामने आई।
बातचीत के दौरान जब उससे लगातार सवाल किए गए तो आखिरकार उसने कथित तौर पर स्वीकार कर लिया कि पति की मौत हो चुकी है और शव घर के बाथरूम के नीचे दबा हुआ है। इसके बाद पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
पुलिस के मुताबिक शुरुआती पूछताछ में यह बात सामने आई कि महिला ने कथित तौर पर पहले पति को खीर में नींद की गोलियां खिलाईं। जब वह गहरी नींद में चला गया तो उसकी हत्या कर दी गई।
इसके बाद शव को बाथरूम में गड्ढा खोदकर दफनाया गया और ऊपर से नया फर्श बनवा दिया गया ताकि किसी को कोई शक न हो। हालांकि पुलिस अभी इस पूरे घटनाक्रम की वैज्ञानिक और फॉरेंसिक जांच कर रही है। आरोपों की पुष्टि अदालत में प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर ही होगी।
इस मामले के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा चर्चा फिल्म 'दृश्यम' की होने लगी। वजह यह है कि उस फिल्म में भी एक शव को बेहद चालाकी से ऐसी जगह छिपाया जाता है, जहां पुलिस को लंबे समय तक कोई सुराग नहीं मिलता।
हालांकि दोनों मामलों की परिस्थितियां अलग हैं। फिल्म में कहानी एक परिवार को बचाने की कोशिश के इर्द-गिर्द घूमती है, जबकि आगरा मामले में पुलिस हत्या के आरोपों और उसके पीछे की साजिश की जांच कर रही है।