बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) की जिंदगी से जुड़े कई किस्से हैं, जिनके बारे में उनके फैंस नहीं जानते हैं. ऐसा ही एक किस्सा उनसे और मां तेजी बच्चन (Teji Bachchan) से जुड़ा है, जो बेहद भावुक कर देने वाला है, जिसे वो खुद भी कभी नहीं भूल सकते.
हिंदी सिनेमा के महानायक कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) ने अपने दम पर इंडस्ट्री में वो नाम कमाया है कि फैंस उनकी हर एक छोटी बात और किस्से के बारे में जानना चाहते हैं. अमिताभ बच्चन की जिंदगी से जुड़े कई किस्से हैं, जिनसे आज भी उनके फैंस वाकिफ नहीं हैं. आज भी वो उनके जीवन से जुड़ी कुछ खास बातों के बारे में नहीं जानते हैं. आज हम आपक बिग बि के ऐसे किस्से के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसको जानने के बाद आप भी भावुक हो जाएंगे.
ये किस्सा उनके बचपन और उनकी मां तेजी बच्चन (Teji Bachchan) से जुड़ा है. अमिताभ बच्चना का बचपन इलाहाबाद में गुज़रा. पढ़ाई लिखाई भी वहीं से ही पूरी हुई. इलाहाबाद से जुड़े उनके कई किस्से हैं जिनके बारे में आप नहीं जानते. आज बड़ी-बड़ी गाड़ियों में घूमने वाले बिग बी किसी दौर में साइकिल से यूनिवर्सटी जाया करते थे. उन्हें आज तक अपने बचपन की हर एक बात याद है और साथ ही वो किस्सा भी, जब उनकी मां बहुत बीमार थीं. उनके पेट में बहुत तकलीफ़ थी.
रात भर अमिताभ बच्चन उनके साथ ही जागे. उस दिन को याद करते हुए उन्होंने एक बार बताया था कि 'उन दिनों डैड घर पर नहीं थे. डॉक्टर्स को मैंने तीन-चार चिट्ठी लिखी. एक नौकर को दौड़ाया. उन दिनों मैं बहुत छोटा था. रात भर मां के सिरहाने बैठा रहा. जागता रहा. डैड ने एक बार सिखाया था कि अगर टेकवाली कुर्सी होगी तो नींद जल्दी आएगी. मुझे अभी भी याद है मैं रात भर स्टूल पर बैठा था, ताकि मुझे नींद नहीं आए. कहीं मां को मेरी जरूरत पड़े तो…वो रात मैं भूल नहीं सकता'.
इतना ही नहीं अपनी मां की पुण्यतिथि पर अमिताभ बच्चन ने एक बार लिखा था कि 'प्रस्थान का दुख एक निरंतर रहने वाला दु:ख है. ये एक मौन छोड़ जाता है और एक ऐसे खालीपन से भर जाता है जो लगता है कि कभी नहीं भरेगा, जो पीछे छूट जाते हैं उनके लिए ये दर्द असहनीय होता है और इसे समझना बहुत मुश्किल होता है. यह मां के जाने की याद है. वह हमें छोड़कर चली गईं. दुनिया में सभी माएं सबसे सुंदर हैं. यही कारण है कि वे मां हैं'.
उन्होंने आगे लिखा था 'उसके गुजरने के वे क्षण हमेशा जेहन में बने रहेंगे, वो कभी नहीं मिटेंगे. उन्होंने हर स्थिति में हमारे लिए हंसी-खुशी और जीवन का सार लाया. सबसे हताश परिस्थितियों में भी वह आपके पास बैठी थीं, आपके माथे को सहलाया और अचानक उसकी हथेलियों की कोमलता ने सारी चिंता और भय को दूर कर दिया. वह हम सब में बसती है. उनकी स्मृति, उनकी उपस्थिति, उनका आशीर्वाद .. हमारे साथ आज की रात है और कई आने वाले कल में भी रहेगा'.