BAFTA 2026: मणिपुरी भाषा की छोटी-सी फीचर फिल्म 'बूंग' ने बाफ्टा (BAFTA 2026) में बाजी मार ली है।
BAFTA 2026: मणिपुरी भाषा की छोटी-सी फीचर फिल्म 'बूंग' ने ब्रिटिश एकेडमी ऑफ फिल्म एंड टेलीविजन आर्ट्स (बाफ्टा) में चिल्ड्रन्स एंड फैमिली फिल्म कैटेगरी में नया इतिहास रच दिया। लेखिका-निर्देशक लक्ष्मीप्रिया देवी की यह पहली फिल्म है, जिसने 1.8 अरब डॉलर की कमाई करने वाली 'जूटोपिया 2', एनिमेटेड फैंटेसी 'आर्को' और साइंस फिक्शन कॉमेडी 'लिलो एंड स्टिच' जैसी बड़ी फिल्मों को पीछे छोड़ दिया।
लंदन के रॉयल फेस्टिवल हॉल में आयोजित समारोह में अवॉर्ड स्वीकार करते हुए लक्ष्मीप्रिया देवी ने अपने गृह राज्य मणिपुर में शांति लौटने की प्रार्थना की। फिल्म के निर्माता फरहान अख्तर और रितेश सिधवानी भी समारोह में मौजूद थे। पुरस्कार समारोह में प्रजेंटर के रूप में शामिल हुई अभिनेत्री आलिया भट्ट ने अपने भाषण की शुरुआत हिंदी में कर दर्शकों को चौंका दिया। आलिया को कहते सुना गया, 'नमस्कार! अगला अवॉर्ड एक ऐसी फिल्म के लिए है, जो अंग्रेजी में नहीं है।' समारोह में 'इन मेमोरियम' कैटेगरी में दिवंगत हस्तियों को याद किया गया, इसमें भारतीय दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र को भी श्रद्धांजलि दी गई।
पॉल थॉमस एंडरसन की फिल्म 'वन बैटल आफ्टर अनॉदर' ने 14 नॉमिनेशंस में से 6 अवॉर्ड जीते, इसमें बेस्ट फिल्म, डायरेक्टर, अडैप्टेड स्क्रीनप्ले, सिनेमेटोग्राफी, एडिटिंग और सपोर्टिंग एक्टर शामिल हैं। वहीं, 'सिनर्स' का भी दबदबा देखने को मिला। इसने 13 नॉमिनेशंस में से 3 अवॉर्ड अपने नाम किए। गुइलेर्मो डेल टोरो की 'फ्रैंकेंस्टीन' ने भी 3 अवॉर्ड जीते। बेस्ट फिल्म, वन बैटल आफ्टर अनॉदर रही, वहीं बेस्ट डायरेक्टर पॉल थॉमस एंडरसन, बेस्ट एक्ट्रेस जेसी बकले और बेस्ट एक्टर एक्टर रॉबर्ट आरामयो रहे।
साल 2024 में रिलीज हुई फिल्म बूंग की कहानी मणिपुर के एक बच्चे की है, जो अपनी मां के साथ रहता है और अपने पिता जॉयकुमार को खोजना चाहता है क्योंकि उसे लगता है कि यह उसकी मां के लिए सबसे बड़ा तोहफा होगा। उसके साथ उसका मारवाड़ी मित्र राजू भी है, जिसे वहां बाहरी माना जाता है। नस्लीय तनाव और सामाजिक संघर्षों के बीच यह कहानी परिवार, उम्मीद और क्षमा की ताकत को सामने लाती है।