
एक्ट्रेस रेखा ने इंडस्ट्री में दमदार फिल्में की हैं। अपने करियर के शुरुआती लगभग 2 दशक में ही उन्होंने 400 से ज्यादा फिल्मों में काम कर लिया था। बतौर एक्ट्रेस उन्होंने अपनी कमाल की शख्सियत स्थापित की है। कई दफा लोग उनके साथ एक्ट करने से कतराते नजर आए हैं और इसी लिस्ट में शुमार हैं एक्ट्रेस करिश्मा कपूर।
करिश्मा कपूर ने भी अपने दौर में लगभग हर जौनर, हर एक्टर के साथ काम करने का लुत्फ उठाया। इस दौरान उन्होंने कई ऐसी एवार्ड विनिंग फिल्में की जिन्हें करने से कई अभिनेत्रियों ने मना कर दिया था। इन्ही फिल्म में से एक है जुबैदा। हालांकि पहली बार में खुद करिश्मा कपूर ने जुबैदा को करने से मना कर दिया था और उसकी वजह थी एक्ट्रेस रेखा।
दूसरी एक्ट्रेस भी नहीं करना चाहती थीं रेखा के अपोजिट काम
इस फिल्म को डायरेक्ट किया था श्याम बेनेगल ने और उन्होंने अपने एक इंटरव्यू में इस बात का खुलासा किया था कि इस फिल्म को साइन करने से पहले करिश्मा बहुत घराई हुई थीं। उन्होंने कहा, 'लोलो के घबराने की दो वजह थीं। पहली, रेखा उनके अपोजिट थीं और दूसरी कि साल 2001 से पहले करिश्मा ने इस तरह का कोई सीरियस किरदार नहीं निभाया था।'
इतना ही नहीं खुद डायरेक्टर ने इस बात का खुलासा किया था कि करिश्मा से पहले डायरेक्टर ने जुबैदा के किरदार के लिए मनीषा कोइराला से बात की थी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वो भी रेखा के अपोजिट फिल्म में नहीं आना चाहती थीं। यही नहीं खुद एक्ट्रेस करिश्मा कपूर ने भी इससे जुड़े एक सवाल पर कहा था कि इस फिल्म को साइन करने में मुझे बहुत समय लगा था। मैं खुद को इस रोल के लिए तैयार नहीं कर पा रही थीं'।
करिश्मा कपूर को मिला था बेस्ट एक्ट्रेस का अवार्ड
आपको बता दें कि इस फिल्म में लोगों ने करिश्मा के काम की खूब सराहना की थी, इसके लिए उन्हें बेस्ट एक्ट्र्रेस का अवार्ड भी दिया गया था। दरअसल इस फिल्म में जुबैदा और राजस्थान के मारवाड़ राजघराने के राजा महाराजा हनवंत सिंह की प्रेम कहानी को बड़ी खूबसूरती से दिखाया गया था।
फिल्म में मनोज बाजपेयी, करिश्मा कपूर और रेखा ने मुख्य भूमिका निभाई थी। वहीं, रेखा और करिश्मा फिल्म में सौतन के किरदार में नजर आई थीं। जहां, करिश्मा 'जुबैदा' के रोल में थीं तो वहीं मनोज 'राजा हनवंत सिह' के किरदार में दिखाई दिए थे।