
नई दिल्ली | 'बॉलीवुड की मां' के नाम से मशहूर अभिनेत्री निरूपा रॉय (Nirupa Roy) का 4 जनवरी को जन्म हुआ था। ज्यादातर लोग उन्हें मां के किरदारों से ही जानते हैं लेकिन एक वक्त ऐसा भी था जब वो ग्लैमरस रोल किया करती थीं। निरूपा रॉय का जन्म गुजरात में हुआ। उनकी शादी बहुत कम उम्र में ही हो गई थी। जब वो महज 15 साल की थी तब कमल रॉय से उनकी मैरिज कर दी गई थी। शादी के बाद निरूपा रॉय ने अपने करियर की शुरुआत की।
निरूपा रॉय (Nirupa Roy) के मां के किरदारों से सभी वाकिफ हैं लेकिन एक वक्त ऐसा था जब उन्होंने 16 फिल्मों में देवी का किरदार निभाया था। जिसके बाद लोग उन्हें देवी ही मानने लगे। यहां तक कि लोग घर जाकर उनके पैर छूते थे और भजन गाते थे। इसीलिए 50 के दशक में निरूपा रॉय को धार्मिक फिल्मों की रानी माने जाने लगा। उन्होंने ज्यादार धार्मिक फिल्में अभिनेता त्रिलोक कपूर के साथ ही की। इसके बाद 70-80 के दशक में निरूपा रॉय मां के किरदार में ज्यादा नज़र आने लगीं। अमिताभ बच्चन से लेकर शशि कपूर जैसे अभिनेताओं की मां के रोल में वो बेहद फिट बैठीं। दर्शक उन्हें बॉलीवुड की मां बुलाने लगे।
अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) की मां के किरदार में दर्शक निरूपा रॉय (Nirupa Roy) को ही देखना पसंद करते थे। आखिरी बार वो 1999 में आई फिल्म 'लाल बादशाह' उनकी मां बनीं। निरूपा रॉय ने अपने करियर में लगभग 300 फिल्मों में काम किया। बता दें कि निरूपा रॉय का असली नाम कोकिला किशोरचंद्र बुलसारा है लेकिन फिल्म इंडस्ट्री में आने के बाद उन्होंने अपना नाम बदल लिया था। निरूपा रॉय पर बेस्ड डायलॉग 'मेरे पास मां है..’ आज भी लोगों की ज़ुबान पर रहता है।