
Ramayana Twitter Reaction: निर्देशक नितेश तिवारी की मच अवेटेड और मेगा-बजट फिल्म 'रामायण' (Ramayana) को लेकर जिस पल का लोग इंतजार कर रहे थे वह अब खत्म हो गया है। फिल्म आज यानी 5 नवंबर को बॉक्स ऑफिस पर रिलीज हो गई है। जैसे-जैसे इस फिल्म से जुड़ी प्रतिक्रियाएं और शुरुआती रिव्यू सामने आ रहे हैं, दर्शकों के बीच इसे लेकर उत्सुकता और भी बढ़ती जा रही है। जहां एक तरफ तमाम दर्शक इस भव्य सिनेमैटिक विजन की तारीफ करते नहीं थक रहे हैं, वहीं कुछ लोगों के मन में थोड़ी निराशा भी देखने को मिली है।
फिल्म रामायण की अनाउंसमेंट के बाद से ही लोग इस फिल्म की आलोचना कर रहे थे, टीजर से लेकर ट्रेलर पर भी लोगों ने सवाल उठाए थे। वहीं, रणबीर कपूर की कास्टिंग को लेकर भी जनता असंतुष्ट थी। लेकिन अब फिल्म सिनेमाघरों में दस्तक दे चुकी है। फर्स्ट डे फर्स्ट शो को देखकर लोग नितेश तिवारी की जमकर सराहना कर रहे हैं कि उन्होंने पूरी दुनिया को इतनी शानदार फिल्म दी।
एक यूजर ने कमेंट करते हुए लिखा, "बेहतरीन सिनेमा! एक शानदार सिनेमाई मास्टरपीस! दमदार विज़ुअल्स, बेहतरीन कहानी, रोंगटे खड़े कर देने वाले पल और रणबीर कपूर, यश व साई पल्लवी की जबरदस्त परफॉरमेंस ने दिल जीत लिया।" एक ने लिखा, "शूर्पणखा के रूप में रकुलप्रीत का काम चौंकाने वाला यानी बेहतरीन है।"
एक और यूजर ने लिखा, "रामायण (तमिल) 4/5 टीम की क्या शानदार मेहनत है। सिनेमाघर वाला अनुभव एकदम बेहतरीन रहा.. शुरुआती 30 मिनट तो धमाकेदार हैं, जिसमें रावण के रोल में यश कमाल के लगे हैं.. फिल्म की मेकिंग और लिप-सिंक तारीफ के काबिल है, और ग्राफिक्स एकदम टॉप क्लास हैं। एक बार तो जरूर देखी जा सकती है।" एक अन्य ने लिखा, एक भारतीय के तौर पर, सिनेमा प्रेमी के तौर पर, एक फैन के तौर पर, और चाहे आप ईश्वर और अच्छाई में विश्वास रखते हों या नहीं - हर किसी के लिए। यह भारतीय सिनेमा के इतिहास में अपनी तरह का पहला और अब तक का सबसे भव्य प्रोडक्शन है।
एक यूजर ने राम बने रणबीर कपूर को लेकर निराशा जताई। उन्होंने लिखा," मुझे जो भी रिव्यू मिल रहे हैं, वे 'राम' के कम और 'रावण' के ज़्यादा हैं। बस यश की ही चर्चा है- विलेन का इतना ज़्यादा महिमामंडन किया जा रहा है कि 'राम' तो मानो बैकग्राउंड में ही चले गए हैं। इस हिसाब से देखा जाए तो हम 'रामायण' देख रहे हैं या 'रावणायण'? अगर सारा ध्यान विलेन पर है और मुख्य किरदार (हीरो) की कोई बात ही नहीं हो रही, तो या तो फिल्म को अपनी पहचान को लेकर कोई अजीब सा कन्फ्यूजन है, या फिर दर्शकों ने फिल्म का असली मकसद ही नहीं समझा।"
एक अन्य यूजर ने फिल्म के म्यूजिक को थोड़ा कमजोर बताया। उन्होंने लिखा, "रावण के रूप में यश छा गए हैं। उनके सीन शानदार हैं। बेहतरीन CG और विजुअल्स हैं। क्लाइमैक्स में जटायु वाला हिस्सा तो कमाल का है। रणबीर-सीता वाले हिस्सों में कोई जज्बात नहीं दिखते। लक्ष्मण का काम अच्छा है। संगीत सबसे बड़ी निराशा है। जानी-मानी कहानी और बिना किसी रोमांच के बहुत लंबा ड्रामा कई जगहों पर धैर्य की परीक्षा लेता है, लेकिन कहानी में कोई जान नहीं है। औसत!