Bulandshahr Double Murder जिले में दो युवकों की अपहरण के बाद हत्या कर दी गई। हत्या के बाद दोनों युवकों के सिर को काटकर गंगा में बहा दिया गया। हत्या की वारदात को दिल्ली पुलिस के सिपाही ने अंजाम दिया। हत्या के बाद से सिपाही फरार है। जबकि पुलिस ने हत्यारोपी सिपाही के भाई को पकड़ लिया है। पुलिस ने सिर कटे धड़ बरामद कर लिए हैं। जबकि कटे सिर को तलाशने के प्रयास जारी हैं।

Bulandshahr Double Murder थाना सलेमपुर इलाके के गांव कैलावन के रहने वाले युवक भूपेंद्र और उसके चचेरे भाई भूरा का शनिवार शाम अपहरण कर लिया था। पुलिस ने इस मामले में सोमवार देर रात गांव कैलावन निवासी युवक दीपांशु को गिरफ्तार किया है। जबकि दीपांशु का भाई तुषार जो कि दिल्ली पुलिस में है वो अभी फरार है। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसने भाई तुषार और गांव के एक युवक के साथ मिलकर दोनों चचेरे भाइयों की हत्या की है। हत्या के बाद दोनों के शव संभल जिले के रजापुर थाना इलाके के पास फेंक दिए हैं। इसके अलावा, आरोपियों ने दोनों युवकों के सिर काटकर गंगा में बहा दिए।
देर रात पुलिस ने दोनों के सिर कटे शव बरामद कर लिए। हालांकि अभी तक दोनों के सिर नहीं मिले हैं। पकड़े गए आरोपी का बड़ा भाई तुषार दिल्ली पुलिस में सिपाही है। उसकी तलाश में पुलिस जुटी हुई है। जानकारी में सामने आया कि आरोपियों की मां से भूपेंद्र के अवैध संबंध थे। आरोपी दीपांशु ने मां को भूपेंद्र के साथ एक बार आपत्तिजनक स्थिति में देखा था। उसके बाद अपने भाई दिल्ली पुलिस में कांस्टेबल तुषार उर्फ गोलू के साथ मिलकर हत्या की प्लानिंग की थी।
आरोपियों ने भूपेंद्र को शराब पीने के बहाने घर बुलाया। भूपेंद्र के साथ तहेरा भाई भूरा भी आ गया। सभी ने बैठकर शराब पी। नशा होने पर आरोपियों ने लोहे की रॉड से दोनों की हत्या कर दी। उसके बाद दोनों शवों को गाड़ी में रखकर संभल जिले की सीमा में ले गए। जहां पर दोनों के सिर धड़ से अलग कर दिए और एक बोरे में भरकर शवों को झाड़ियों में फेंक दिया। सिर गंगा में डाल दिए। आरोपियों के पिता की कुछ समय पहले ही मौत हो गई थी। पिता की जगह मृतक आश्रित में तुषार उर्फ गोलू को दिल्ली पुलिस में नौकरी मिली है।