
बूंदी. जिले विकास के लिए मील का पत्थर साबित होने वाला स्टोन पार्क अब आकार लेने लगा है। तालेड़ा उपखण्ड क्षेत्र के कछालिया में आवंटित40.0798 हेक्टेयर भूमि पर इन दिनों चारदीवारी का कार्य चल रहा है। रीको प्रबंधक राजेश कुमार ने बताया कि स्टोन पार्क में दो जोन बनाए जाएंगे, जिसमें जनरल जोन 40.819 एवं स्टान जोन 6.29 हेक्टेयर में बनाया जाएगा। जनरल क्षेत्र में प्रदूषण रहित उद्योग स्थापित किए जाएंगे एवं स्टोन क्षेत्र में बरड़ क्षेत्र के सेण्ड स्टोन से संबंधित उपक्रम लगाए जाएंगे। स्टोन पार्क में अभी आठ भूखण्ड खोले गए है, जिसमें दो आवंटित हो चुके है एवं दो प्रक्रियाधीन है। वहीं जनरल क्षेत्र में भी दो आंवटित हो गए है और दो प्रक्रियाधीन है। कुल 22 भूखण्ड लीज पर दिए जाएंगे। सभी भूखण्ड 33 साल की लीज पर दिए जाएंगे।
राजेश शर्मा ने बताया कि स्टोन पार्क में चारदीवारी के अलावा सड़क, लाइट, पावर लाइन, डम्पिंग यार्ड, वाटर हार्वेस्टिंग, नालों को चैनलाइज करने के अलावा ओपन एरिया में पार्क विकसित करने के कार्य किए जाएंगे। इसके लिए 45.22 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए है। इन कार्यों के लिए टेण्डर जारी कर दिए गए है, संभवतया बारिश के बाद कार्य शुरू हो जाएगा। स्टोक पार्क दो वर्ष में धरातल पर नजर आने लगेगा, जिससे क्षेत्र के विकास में चार चांद लगेंगे।
स्टोक पार्क में व्यापारिक गतिविधियां शुरू होने पर लगभग 5 से 10 हजार लोगों को रोजगार उपलब्ध होने की उम्मीद जताई जा रही है। सेण्ड स्टोन पार्क कोटा ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट से सीधे लगभग 15 किलोमीटर की दूरी पर है। यहां से संपर्क सड़क बनने पर निर्यातकों भी आने में आसानी होगी। साथ ही भविष्य में रिको इंडस्ट्रीज एरिया के आसपास स्थित कंवरपुरा, पलका, गरड़दा, डोरा, लक्ष्मीपुरा सहित आसपास के दर्जनों गांवों के ग्रामीणों को आसानी से रोजगार मिल सकेगा।
बरड़ क्षेत्र में सैण्डस्टोन का का कुल उत्पादप 15.40 लाख मीट्रिक टन होता है, जिसमें से 9.25 लाख मीट्रिक टन निर्यात होता है और 6.18 लाख मीट्रिक टन घरेलू उपयोग में काम आता है। मुख्य रूप से यूनाइटेड किगडम, बेल्जियम, इटली, फ्रांस, जर्मनी, पौलेण्ड, नीदरलैण्ड, कनाडा, संयुक्त राज्य अमेरिका, सऊदी अरब, दुबई आदि में निर्यात होता है।
औद्योगिक क्षेत्र में अपराधिक घटनाओं से सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे,सुरक्षा कर्मी तथा एक पुलिस चौकी की स्थापना आवश्यक है। औद्योगिक क्षेत्र में कार्य करने वाले श्रमिकों एवं मशीन ऑपरेटर्स के लिए किसी भी प्रकार की मेडिकल इमरजेंसी में प्राथमिक चिकित्सा के लिए प्राथमिक चिकित्सा केंद्र की सुविधा भी होनी चाहिए। रिको एरिया में सुलभ काम्प्लेक्स की व्यवस्था भी होनी चाहिए। आकस्मिक दुर्घटनाओं से निपटने के लिए पूर्ण सुविधायुक्त फायर स्टेशन की स्थापना की जाए। भारी वाहनों के आवागमन को सुचारू एवं नियंत्रित रखने हेतू एक बड़े पार्किंग स्थल की सुविधा होनी चाहिये जिससे अनलोडिंग की दशा में भारी वाहनों को व्यवस्थित खड़ा किया जा सके जिससे रिको एरिया में जाम की स्थिति से बचा जा सके। इनके अलावा भी कई अन्य जरुरी सुविधाएं अत्यावश्यक हैं, जिनकी उपलब्धता रीको क्षेत्र को और अधिक सक्षम व निवेश योग्य बना सकती है।