गोठड़ा. गोठड़ा बांध की नवनिर्मित फेसवाल से मिट्टी खिसकने के मामले को लेकर हिण्डोली तहसीलदार द्वारा मौका स्थिति देखकर रिपोर्ट भेज दी है।
गोठड़ा. गोठड़ा बांध की नवनिर्मित फेसवाल से मिट्टी खिसकने के मामले को लेकर हिण्डोली तहसीलदार द्वारा मौका स्थिति देखकर रिपोर्ट भेज दी है।
हिण्डोली उपखण्ड के दूसरे बड़े गोठड़ा बांध की नवनिर्मित फेसवाल के पास मिट्टी धंसने के बाद रविवार को राजस्थान पत्रिका में गोठड़ा बांध की दीवार से मिट्टी खिसकी खबर प्रकाशित होने के बाद जिला कलक्टर एवं उपखंड अधिकारी के निर्देश पर पहुंचे हिण्डोली तहसीलदार द्वारा मौका स्थिति देखकर तथ्यात्मक बात उपखण्ड अधिकारी को बता दी है। जानकारी अनुसार गत वर्ष गोठड़ा बांध की सुरक्षा दीवार अचानक भरभरा गिर गई थी। उसके बाद जल संसाधन विभाग द्वारा मानसून से पूर्व आनन-फानन में 9.50 करोड़ रुपए से अधिक की लागत से टूटी दीवार को वापस बनाया गया था।
दीवार बने के तीन-चार महीने बाद ही दीवार पर दरारें आना शुरू हो गया था, जिसे लेकर जल संसाधन विभाग द्वारा यह बताया कि नई दीवार में हल्की दरारें आना स्वाभाविक प्रक्रिया है। बाद में राजस्थान पत्रिका द्वारा इस मामले को लेकर प्रमुखता से प्रकाशित की गई। जयपुर से जल संसाधन विभाग के उच्च अधिकारियों की टीम ने गोठड़ा बांध पर पहुंचकर वास्तविक स्थिति की जानकारियां जुटाई गई।
सूत्रों ने बताया कि जयपुर से आई जल संसाधन विभाग की टीम द्वारा अभी रिपोर्ट को सार्वजनिक नहीं गई है, लेकिन जिम्मेदार अभियंताओं की जिम्मेदारी तय हो रही है। रविवार को हिण्डोली तहसीलदार कमलेश कुमार कुलदीप ने बताया कि उपखंड अधिकारी के निर्देश पर गोठड़ा बांध पर पहुंचे थे जहां पर बांध की दीवार से मिट्टी खिसकने के स्थान पर विभाग द्वारा मिटटी डलवा कर दरारों को भरवा दिया गया, लेकिन गोठड़ा बांध की नवनिर्मित फेसवाल पानी की ओर झुकी दिखाई दे रही है, जिसे तहसीलदार ने गंभीर मानते हुए उपखण्ड अधिकारी को जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि आगे की कार्रवाई उपखण्ड अधिकारी तय करेंगे।
उधर, भाजपा नेता बाबू लाल सैनी,रमेश चंद सेन, महेश सेन,अंजनी वैष्णव आदि ने बताया कि गोठड़ा बांध की नवनिर्मित सुरक्षा दीवार की उच्च स्तरीय जांच होना चाहिए। बांध की सुरक्षा दीवार पानी की ओर झुकी हुई प्रतीत होती है। जिससे कभी भी बांध को खतरा होने की संभावना बनी हुई है। वहीं मामले में सहायक एवं अधिशासी अभियंता से बात करने का प्रयास किय,तो उन्होंने मोबाइल बंद कर लिए।
गोठड़ा बांध पर पहुंचकर वास्तविक स्थिति की जानकारी जुटाई है। नवनिर्मित दीवार पानी की ओर झुकी हुई दिखाई दे रही है। मौखिक जानकारी उपखण्ड अधिकारी को दी है।…
कमलेश कुमार कुलदीप, तहसीलदार हिण्डोली।