सुसाइड नोट में लिखा लव यू पापा.. आप जैसे पापा मुझे मिले, यही मेरी किस्मत थी...
बुरहानपुर. बुरहानपुर के सातपायरी स्थित एकलव्य आदिवासी छात्रावास में रहकर पढ़ाई करने वाले एक 9वीं क्लास के छात्र ने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। सुबह जब छात्रावास में रहने वाले छात्रों ने कमरे में जाकर देखा फंदे पर लाश लटकी नजर आई जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस को छात्र के शव के पास एक दो पेज का सुसाइड नोट मिला है जिसका हर एक शब्द रुला देने वाला है।
पढ़ाई के दबाव में आकर दी जान
छात्रावास में सुसाइड करने वाले छात्र का नाम रविन्द्र सोलंकी है जो धुलकोट के उताम्बी गांव का रहने वाला था। रविन्द्र अपने पिता से बेहद प्यार करता था और उसने सुसाइड नोट में भी इस बात का जिक्र किया है। साथ ही उसने सुसाइड नोट में खुद को भूलने की बीमारी होने की बात लिखी है उसने लिखा है कि पहले उसे सबकुछ याद रहता था लेकिन अब वो जो कुछ भी याद करता है वो भूल जाता है। वहीं घटना की सूचना मिलते ही परिजन छात्रावास पहुंचे जिनका रो-रोकर बुरा हाल है।
रुला देगा सुसाइड नोट का एक-एक शब्द
पुलिस को मौके से दो पेज का सुसाइड नोट मिला है जिसमें छात्र रविन्द्र ने लिखा है- वो अपनी मर्जी से मर रहा है, इसमें किसी की कोई गलती नहीं हैं। उसने बताया कि उसे भूलने की बीमारी है। जिसकी वजह से वो अपने माता-पिता और उस पर विश्वास करने वालों का सपना पूरा नहीं कर सकता है। बीमारी का सबूत देते हुए उसने बताया कि पहले वाले स्कूल में पढ़ाई में हमेशा पहले आता था और इस स्कूल में आखिरी में आता हूं। मैं याद तो करता हूं, लेकिन उसे भूल जाता हूं। सुसाइड नोट के दूसरे पेज पर छात्र ने लिखा, 'मुझे माफ करना पापा, आपका सपना मैं पूरा नहीं कर सकता हूं। इसी वजह से मैं मर रहा हूं। मैं कुछ नहीं कर सकता तो मेरी जिंदगी किस काम की। लव यू पापा। आप जैसे पापा मुझे मिले, यही मेरी किस्मत थी। आपका बेटा हमेशा आपका सपना पूरा करने वाला चाहिए था। लव यू पापा।' पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच कर रही है।