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Gold Vs Silver: कहां निवेश करने से मिलेगा ज्यादा फायदा, जानिए एक्सपर्ट्स की राय

Gold Investment: पिछले एक साल में चांदी ने सोने से ज्यादा रिटर्न दिया है। ऐसे में सोने पर इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ने के बाद निवेशकों के सामने यह सवाल है कि सोने में निवेश करना बेहतर है या चांदी में?

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May 17, 2026
सोना व चांदी में निवेश के लिए सही रणनीति अपनाएं। (PC:AI)

Gold Silver Investment: संकट के समय निवेशक सोने को सबसे सुरक्षित निवेश मानते हैं। हालांकि, बढ़ते गोल्ड इम्पोर्ट और विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से फिलहाल सोने की खरीद टालने की अपील की है। इसके साथ ही केंद्र सरकार ने गोल्ड पर इम्पोर्ट ड्यूटी 6 फीसदी से बढ़ाकर 15 फीसदी कर दी है। ऐसे में एक सवाल निवेशकों के मन में उठ रहा होगा कि इस समय लंबी अवधि के निवेश के लिए सोना बेहतर है या चांदी?

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पिछले 1 साल में किसने दिया ज्यादा रिटर्न?

सेंट्रिसिटी वेल्थटेक के इक्विटी प्रमुख और संस्थापक पार्टनर सचिन जसुजा का कहना है कि सोने और चांदी, दोनों ही लॉन्ग टर्म निवेश के अच्छे विकल्प हैं। अगर सिर्फ रिटर्न की बात करें तो चांदी ने सोने को काफी पीछे छोड़ दिया है। पिछले एक साल में सोने ने करीब 47 फीसदी तो चांदी ने करीब 147 फीसदी का रिटर्न दिया है।

सचिन जसूजा के मुताबिक, एक साल पहले अगर किसी ने चांदी में 1 लाख रुपये निवेश किए होते तो उसकी वैल्यू आज करीब 2.5 लाख रुपये होती। वहीं, सोने में लगाया गया 1 लाख रुपये करीब 1.47 लाख रुपये बनता। इन दोनों की तेजी के कारण अलग-अलग है और फिलहाल दोनों में ही तेजी की संभावना बनी हुई है।

क्यों बढ़ रही है चांदी की चमक?

सोने को जहां सुरक्षित निवेश माना जाता है, वहीं चांदी की मांग अब सिर्फ ज्वेलरी तक सीमित नहीं रही। सोलर पैनल, इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में बढ़ती इंडस्ट्रियल डिमांड ने चांदी को नई ताकत दी है। MMTC-PAMP के मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO समित गुहा के अनुसार, मजबूत कमोडिटी और इंडस्ट्रियल साइकल के दौरान चांदी ने ऐतिहासिक रूप से सोने से बेहतर प्रदर्शन किया है, हालांकि इसमें उतार-चढ़ाव भी ज्यादा रहता है।

‘डेविल्स मेटल’ क्यों कहलाती है चांदी?

चांदी को अक्सर ‘Devil’s Metal’ कहा जाता है क्योंकि इसमें तेजी से उछाल और गिरावट देखने को मिलती है। हालांकि, चांदी में जोखिम भी ज्यादा है। सरकार द्वारा इम्पोर्ट ड्यूटी बढ़ाने के बाद MCX पर चांदी दो ट्रेडिंग सेशन में करीब 11 फीसदी यानी 32,624 रुपये प्रति किलोग्राम तक टूट गई।

1 लाख रुपये कहां लगाएं?

एक्सपर्ट्स के मुताबिक, सोने और चांदी में से किसमें कितना निवेश करें यह इस बात पर निर्भर करता है कि आपकी जोखिम लेने की क्षमता कितनी है? आपके फाइनेंशियल गोल क्या है? इस बात को सोच समझ कर फैसला करना चाहिए। इसके साथ ही निवेश सिर्फ पिछले रिटर्न देखकर नहीं करना चाहिए।

समित गुहा बताते है कि ऐसे निवेशक जो जोखिम लेना नहीं चाहते वो अपनी रकम में से 70 फीसदी सोना और 30 फीसदी चांदी में निवेश कर सकते हैं। वहीं, ऐसे निवेशक जो जोखिम उठाने की क्षमता रखते है वे अपनी रकम को सोने व चांदी दोनों में 50-50 फीसदी बांटकर निवेश कर सकते हैं।

Gold-Silver Ratio क्या कहता है?

Gold-Silver Ratio (GSR) एक बेहद सरल लेकिन बेहद काम का पैमाना है। यह बताता है कि 1 औंस सोना खरीदने के लिए कितनी चांदी की जरूरत पड़ती है। इसके लिए 1 औंस सोने की कीमत में 1 औंस चांदी की कीमत का भाग देना होता है। इससे जो सख्या प्राप्त होती है वही GSR कहलाता है। यह रेश्यो जितना ऊंचा होगा सोना उतना ही महंगा होगा। वहीं, रेश्यो जितना नीचे होगा चांदी उतनी ही महंगी होगी। 2026 की शुरुआत में यह अनुपात 107 था, जो अब घटकर 55 पर आ गया है। इसका मतलब है कि हाल के महीनों में चांदी ने सोने की तुलना में काफी बेहतर प्रदर्शन किया है।

GSR के आधार पर कैसे करें निवेश?

निवेशक Gold-Silver Ratio (GSR) के आधार पर 80-50 नियम का इस्तेमाल कर सकते हैं। जब यह रेशियो 80 से ऊपर चला जाता है, तो माना जाता है कि चांदी सोने के मुकाबले सस्ती है। ऐसे में निवेशक चांदी की तरफ रुख कर सकते हैं। वहीं, जब यह रेशियो 50 से नीचे आ जाता है, तो सोना अपेक्षाकृत सस्ता माना जाता है। ऐसे समय में सोने में निवेश बेहतर विकल्प हो सकता है।

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Updated on:
16 May 2026 06:15 pm
Published on:
17 May 2026 11:00 am
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