ड्राफ्ट इनकम टैक्स नियम 2026 में PAN कार्ड से जुड़े कई नियमों को सरल बनाने का प्रस्ताव है। होटल बिल, कैश लेनदेन और प्रॉपर्टी खरीद जैसे मामलों में सीमा बढ़ने से आम लोगों को बड़ी राहत मिल सकती है।
New Tax Rules: केंद्र सरकार इनकम टैक्स कानून को सरल और आधुनिक बनाने की दिशा में लगातार कदम उठा रही है। बजट 2026 के बाद अब नए इनकम टैक्स नियमों का ड्राफ्ट सामने आया है, जिसे लेकर करदाताओं में काफी चर्चा है। ड्राफ्ट इनकम टैक्स नियम 2026 के तहत कई ऐसे लेन-देन में PAN कार्ड की अनिवार्यता को खत्म या सीमित करने का प्रस्ताव है, जिससे रोजमर्रा के कामकाज में लोगों को राहत मिल सकती है।
ड्राफ्ट नियमों के अनुसार होटल, रेस्टोरेंट, बैंक्वेट हॉल या इवेंट मैनेजमेंट से जुड़े भुगतानों में PAN कार्ड दिखाने की सीमा बढ़ा दी गई है। अब यदि होटल या रेस्टोरेंट का बिल 1 लाख रुपये से कम है, तो PAN देना जरूरी नहीं होगा। फिलहाल यह सीमा 50 हजार रुपये है, जिसमें तय बदलाव किए जा सकते हैं। सरकार का मानना है कि बढ़ती महंगाई और खर्च को देखते हुए यह बदलाव जरूरी था, ताकि छोटे और मध्यम खर्च करने वालों को बार-बार PAN देने की परेशानी न हो।
कैश लेन-देन को लेकर भी ड्राफ्ट इनकम टैक्स नियमों में बड़ा बदलाव प्रस्तावित है। नए नियमों के तहत किसी वित्तीय वर्ष में यदि किसी व्यक्ति के एक या एक से अधिक बैंक खातों से कुल कैश जमा या निकासी 10 लाख रुपये से कम है, तो PAN अनिवार्य नहीं होगा। अभी एक ही दिन में 50 हजार रुपये से ज्यादा कैश जमा करने पर PAN देना पड़ता है। इस बदलाव से सैलरी क्लास और छोटे कारोबारियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है।
ड्राफ्ट नियमों में प्रॉपर्टी लेन-देन के लिए PAN की सीमा भी बढ़ाने का प्रस्ताव है। अब 20 लाख रुपये तक के प्रॉपर्टी लेनदेन में PAN जरूरी नहीं होगा, जबकि अभी यह सीमा 10 लाख रुपये है। इसके अलावा मोटर व्हीकल खरीदने पर 5 लाख रुपये से अधिक की कीमत होने पर PAN देना अनिवार्य होगा, जिसमें टू व्हीलर भी शामिल हैं। वहीं बीमा कंपनियों के साथ अकाउंट आधारित संबंध शुरू करने पर PAN देना जरूरी रहेगा।