स्वतंत्र निदेशकों की नियुक्ति, पुनर्नियुक्ति और बर्खास्तगी का काम शेयरधारकों के विशेष प्रस्ताव के आधार पर किया जाएगा।
मुंबई। देश के मार्केट रेगुलेटर सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया यानी सेबी (SEBI) ने स्वतंत्र निदेशकों (Independent Directors) की स्वतंत्रता और प्रभावशीलता का आकलन दोबारा से किया है। इसके लिए उनकी नियुक्ति, बर्खास्तगी और पारिश्रमिक से संबंधित नियमों में बदलाव किया है।
कॉरपोरेट धोखाधड़ी और प्रमोटर्स के कुप्रबंधन का पता लगाने और रोकने में नाकामी को लेकर जांच के दायरे में आने वाले स्वतंत्र निदेशकों की भूमिका की पृष्ठभूमि का इस घटनाक्रम का महत्व बढ़ जाता है।
नए नियम 1 जनवरी 2022 से लागू होने वाले हैं
सेबी ने एक नोटिफिकेशन जारी कर कहा कि नए नियम एक जनवरी 2022 से लागू होंगे। नए नियमों के तहत किसी सूचीबद्ध कंपनी में स्वतंत्र निदेशकों की नियुक्ति, पुनर्नियुक्ति और बर्खास्तगी का काम शेयरधारकों के विशेष प्रस्ताव के आधार पर किया जाएगा। विशेष प्रस्ताव में मतों की संख्या प्रस्ताव के खिलाफ डाले जाने वाले मतों से कम से कम तीन गुना ज्यादा होनी चाहिए। इससे यह तय होगा कि स्वतंत्र निदेशकों को प्रवर्तकों के इशारे पर हटाया या नियुक्त नहीं करा जाए।