Stock Market News: शेयर मार्केट में आज ऑयल एंड गैस स्टॉक्स में सबसे अधिक गिरावट दर्ज हुई है। मेटल, ऑटो और फाइनेंशियल सर्विसेस सेक्टर के शेयर भी बड़ी गिरावट के साथ बंद हुए हैं।
Share Market Down: भारतीय शेयर बाजार आज भारी गिरावट के साथ बंद हुआ है। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक सेंसेक्स आज 1.44 फीसदी या 1092 अंक की गिरावट के साथ 74,775 पर बंद हुआ है। बाजार बंद होते समय सेंसेक्स पैक के 30 शेयरों में से 25 शेयर लाल निशान पर और 5 शेयर हरे निशान पर थे। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक निफ्टी आज 1.50 फीसदी या 359 अंक की गिरावट के साथ 23,547 पर बंद हुआ।
अधिकतर सेक्टर आज शुक्रवार को गिरावट के साथ बंद हुए हैं। सबसे अधिक गिरावट निफ्टी ऑयल एंड गैस में 2.47 फीसदी दर्ज हुई है। इसके अलावा, निफ्टी मेटल में 2.02 फीसदी, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेस एक्स-बैंक में 2.02 फीसदी, निफ्टी ऑटो में 1.96 फीसदी, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेस 25/50 में 1.55 फीसदी, निफ्टी एफएमसीजी में 1.51 फीसदी और निफ्टी फार्मा में 1.50 फीसदी की गिरावट दर्ज हुई। निफ्टी मीडिया, निफ्टी पीएसयू बैंक, निफ्टी प्राइवेट बैंक, निफ्टी रियल्टी और निफ्टी हेल्थकेयर इंडेक्स भी गिरावट के साथ बंद हुई हैं। इससे इतर निफ्टी आईटी में आज 0.60 फीसदी की बढत दर्ज हुई।
आज की गिरावट की सबसे बड़ी वजह वीकेंड से पहले निवेशकों द्वारा की गई प्रॉफिट बुकिंग मानी जा रही है। रॉयटर्स की एक रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया कि अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम को आगे बढ़ाने और रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज स्ट्रेट में शिपिंग गतिविधियां फिर से शुरू करने पर सहमति बन गई है। बताया जा रहा है कि इस समझौते को अब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मंजूरी का इंतजार है। इस खबर के बाद कई निवेशकों ने हालिया तेजी में बने मुनाफे को सुरक्षित करना बेहतर समझा।
बाजार पर दबाव बढ़ाने वाला दूसरा बड़ा कारण भारतीय मौसम विभाग (IMD) का संशोधित मानसून अनुमान रहा। विभाग ने कहा है कि इस साल दक्षिण-पश्चिम मानसून के दौरान देश में सामान्य औसत (LPA) की लगभग 90 फीसदी बारिश होने की संभावना है। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के रिसर्च प्रमुख विनोद नायर के अनुसार, कमजोर मानसून के संकेतों ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। उन्हें डर है कि यदि बारिश सामान्य से कम रही और अल नीनो की स्थिति मजबूत हुई तो आने वाले महीनों में खाद्य महंगाई बढ़ सकती है। इसी आशंका ने बाजार में व्यापक बिकवाली को जन्म दिया।
MSCI इंडेक्स में होने वाले बदलावों ने भी बाजार की चाल को प्रभावित किया है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि शुक्रवार को कारोबार के अंतिम आधे घंटे में इसी वजह से अस्थिरता ज्यादा बढ़ी। MSCI की मई 2026 समीक्षा के तहत फेडरल बैंक, इंडियन बैंक, मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) और नेशनल एल्युमिनियम कंपनी (NALCO) को MSCI ग्लोबल स्टैंडर्ड इंडेक्स में शामिल किया गया है।
LKP सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट रूपक डे का कहना है कि निफ्टी 50 ने डेली चार्ट पर एक अहम अपट्रेंड लाइन को तोड़ दिया है। यह संकेत देता है कि बाजार में एक बार फिर मंदड़ियों की पकड़ मजबूत हो रही है। उनके मुताबिक यदि दबाव बना रहता है तो निफ्टी निकट अवधि में 23,250 और उससे नीचे के स्तर तक फिसल सकता है। दूसरी तरफ 23,700 के आसपास मजबूत रेजिस्टेंस दिखाई दे रहा है। जब तक इंडेक्स इस स्तर के ऊपर नहीं निकलता, तब तक बाजार में बिकवाली का दबाव बना रह सकता है।
हालांकि, रुपये ने आज मजबूती दिखाई है। भारतीय मुद्रा 53 पैसे चढ़कर डॉलर के मुकाबले 95.05 पर बंद हुआ। वहीं, अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमत में एक फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई और यह करीब 91 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार करता दिखा।